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भारत में टी20 विश्व कप खेलने से बांग्लादेश का इनकार, आईसीसी ने मैच बदलने की मांग ठुकराई

भारत में टी20 विश्व कप खेलने से बांग्लादेश का इनकार, आईसीसी ने मैच बदलने की मांग ठुकराई
T20 World Cup: भारत में खेलने से बांग्लादेश का इनकार, जानें पूरा मामला (File Photo)

बांग्लादेश ने भारत में होने वाले टी20 विश्व कप में खेलने से इनकार कर दिया है। आईसीसी ने मैचों को भारत से बाहर करने की मांग खारिज की थी। बांग्लादेश के खेल सलाहकार ने सुरक्षा चिंताओं का हवाला देते हुए यह फैसला लिया। बांग्लादेश की जगह अब स्कॉटलैंड को टूर्नामेंट में शामिल किया जा सकता है। मुस्ताफिजुर के आईपीएल से बाहर होने के बाद यह विवाद बढ़ा।

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Asfi Shadab
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बांग्लादेश क्रिकेट टीम ने गुरुवार को एक बड़ा फैसला लेते हुए भारत में होने वाले टी20 विश्व कप में हिस्सा नहीं लेने का ऐलान किया है। यह टूर्नामेंट 7 फरवरी से शुरू होने वाला है। यह फैसला तब आया है जब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद यानी आईसीसी ने बांग्लादेश की उन मैचों को भारत से बाहर करने की मांग को खारिज कर दिया।

बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने यह फैसला अपनी राष्ट्रीय टीम के खिलाड़ियों और युवा एवं खेल सलाहकार आसिफ नजरुल के बीच हुई बैठक के बाद लिया। आईसीसी ने बांग्लादेश को 24 घंटे का समय दिया था कि या तो वे भारत जाने के लिए तैयार हों या फिर उन्हें टूर्नामेंट से बाहर कर दिया जाएगा। आईसीसी का कहना था कि भारत में उनके खिलाड़ियों, अधिकारियों या प्रशंसकों की सुरक्षा के लिए कोई खतरा नहीं है।

बांग्लादेश का सख्त रुख

हालांकि बांग्लादेश के खेल सलाहकार आसिफ नजरुल ने राष्ट्रीय टीम के खिलाड़ियों के साथ बैठक के बाद स्पष्ट कर दिया कि आईसीसी की यह स्थिति उनके लिए स्वीकार्य नहीं है।

गुरुवार को एक प्रेस कांफ्रेंस में नजरुल ने कहा, “जबकि हमारे क्रिकेटरों ने विश्व कप के लिए योग्यता हासिल करने के लिए कड़ी मेहनत की है, लेकिन भारत में खेलने को लेकर सुरक्षा का खतरा अभी भी बना हुआ है। यह चिंता किसी काल्पनिक विश्लेषण पर आधारित नहीं है।”

उन्होंने आगे कहा, “हमने अभी तक उम्मीद नहीं छोड़ी है। हमारी टीम तैयार है। हम उम्मीद करते हैं कि आईसीसी हमारे वास्तविक सुरक्षा खतरों को देखते हुए न्याय देगी और हमें श्रीलंका में खेलने की अनुमति देगी।”

बीसीबी की मांग

बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने हालांकि यह जोर दिया कि वह टूर्नामेंट खेलने के लिए उत्सुक है, लेकिन भारत में नहीं। बांग्लादेश बोर्ड ने यह भी कहा कि वह इस गतिरोध के समाधान के लिए आईसीसी के संपर्क में रहेगा।

बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के अध्यक्ष अमीनुल इस्लाम बुलबुल ने कहा, “हम आईसीसी के साथ बातचीत जारी रखेंगे। हम विश्व कप खेलना चाहते हैं, लेकिन भारत में नहीं खेलेंगे। हम लड़ते रहेंगे। आईसीसी बोर्ड की बैठक में कुछ चौंकाने वाले फैसले हुए। मुस्ताफिजुर का मुद्दा कोई अकेला मामला नहीं है। उस मुद्दे में भारत ही एकमात्र फैसला लेने वाला था।”

उन्होंने आगे कहा, “आईसीसी ने भारत से दूर हमारे मैचों को बदलने के हमारे अनुरोध को अस्वीकार कर दिया है। हमें विश्व क्रिकेट की स्थिति के बारे में यकीन नहीं है। इसकी लोकप्रियता घट रही है। उन्होंने 200 मिलियन लोगों को बंद कर दिया है। क्रिकेट ओलंपिक में जा रहा है, लेकिन अगर हमारे जैसा देश वहां नहीं जा रहा है, तो यह आईसीसी की विफलता है।”

सुरक्षा चिंताओं की जड़

बांग्लादेश को भारत में चार मैच खेलने थे, जिसमें तीन कोलकाता में और एक मुंबई में होने वाले थे। देश ने सुरक्षा की चिंताओं को उठाया था, खासकर जब तेज गेंदबाज मुस्ताफिजुर रहमान को बीसीसीआई के निर्देश पर अनिर्दिष्ट कारणों से आईपीएल से बाहर कर दिया गया था।

यह फैसला बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड और खिलाड़ियों दोनों के लिए एक कठिन स्थिति पैदा करता है। एक तरफ टीम ने कड़ी मेहनत से विश्व कप के लिए योग्यता हासिल की है, वहीं दूसरी तरफ सुरक्षा की चिंताएं भी हैं।

स्कॉटलैंड को मिल सकता है मौका

मौजूदा हालात के मुताबिक, बांग्लादेश की जगह स्कॉटलैंड को टूर्नामेंट में शामिल किया जा सकता है। यह विश्व क्रिकेट के लिए एक अजीब स्थिति होगी जहां एक टेस्ट खेलने वाली टीम सुरक्षा चिंताओं के कारण विश्व कप से बाहर हो जाएगी।

आईसीसी की चुनौती

यह मामला आईसीसी के लिए भी एक बड़ी चुनौती है। एक तरफ उन्हें टूर्नामेंट को समय पर शुरू करना है, वहीं दूसरी तरफ किसी सदस्य देश की चिंताओं को भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। लेकिन आईसीसी ने अपना रुख साफ कर दिया है कि भारत में कोई सुरक्षा खतरा नहीं है।

यह विवाद भारत और बांग्लादेश के बीच क्रिकेट संबंधों में एक नया मोड़ है। पिछले कुछ समय से दोनों देशों के बीच क्रिकेट को लेकर तनाव देखा जा रहा है।

आगे क्या होगा

अब सबकी नजरें इस बात पर हैं कि आगे क्या होता है। क्या आईसीसी अपना फैसला बदलेगी या बांग्लादेश को वाकई टूर्नामेंट से बाहर कर दिया जाएगा। यह पूरा मामला सिर्फ क्रिकेट का नहीं बल्कि अंतरराष्ट्रीय संबंधों और खेल राजनीति का भी है।

बांग्लादेश के खिलाड़ी भी इस पूरे मामले से परेशान हैं। उन्होंने विश्व कप के लिए कड़ी मेहनत की है और अब यह देखना मुश्किल है कि वे किसी विवाद के कारण टूर्नामेंट से बाहर हो जाएं।

यह पूरा मामला विश्व क्रिकेट के लिए एक बड़ा सवाल खड़ा करता है। क्या खेल को राजनीति से अलग रखा जा सकता है? क्या आईसीसी सभी देशों के साथ समान व्यवहार कर रहा है? ये कुछ सवाल हैं जिनका जवाब समय के साथ मिलेगा। फिलहाल बांग्लादेश ने अपना फैसला सुना दिया है और गेंद अब आईसीसी के पाले में है।

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Asfi Shadab

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असफ़ी शादाब राष्ट्र भारत में कंटेंट एडिटर और न्यूज़ राइटर हैं। वे क्राइम, राजनीति, सरकारी योजनाओं, खेल, राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय घटनाओं से संबंधित समाचारों का संपादन, तथ्य सत्यापन और प्रकाशन कार्य संभालते हैं। उनकी जिम्मेदारी विभिन्न राज्यों से प्राप्त समाचारों को आधिकारिक स्रोतों, उपलब्ध दस्तावेजों और विश्वसनीय जानकारी के आधार पर व्यवस्थित एवं स्पष्ट रूप में पाठकों तक पहुंचाना है। राष्ट्र भारत में वे महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, बिहार और अन्य राज्यों से प्राप्त समाचारों का संपादन करते हैं तथा उन्हें सरल, सटीक और पाठक-केंद्रित भाषा में प्रस्तुत करने का कार्य करते हैं। वे यह सुनिश्चित करते हैं कि प्रकाशित सामग्री संपादकीय मानकों, तथ्यात्मक शुद्धता और विश्वसनीय स्रोतों के अनुरूप हो। मुख्य कार्यक्षेत्र (Core Responsibilities): क्राइम, राजनीति, सरकारी योजनाओं और समसामयिक समाचारों का संपादन। विभिन्न संवाददाताओं और विश्वसनीय समाचार स्रोतों से प्राप्त सामग्री का तथ्य सत्यापन। आधिकारिक प्रेस विज्ञप्तियों, सरकारी दस्तावेजों एवं विश्वसनीय स्रोतों के आधार पर समाचारों का संपादन। स्पष्ट, संतुलित और पाठक-अनुकूल भाषा में समाचार प्रस्तुत करना। राष्ट्र भारत की संपादकीय नीतियों और पत्रकारिता मानकों के अनुरूप सामग्री प्रकाशित करना। संपादकीय दृष्टिकोण (Editorial Approach): असफ़ी शादाब का उद्देश्य पाठकों तक तथ्यात्मक, संतुलित और स्पष्ट समाचार पहुंचाना है। वे प्रकाशित होने वाली प्रत्येक सामग्री की भाषा, संदर्भ और उपलब्ध स्रोतों की समीक्षा करते हैं ताकि समाचार संपादकीय गुणवत्ता और विश्वसनीयता के मानकों पर खरा उतर सके।