महाराष्ट्र मंत्रिमंडल के बड़े फैसले, भूमि अधिग्रहण से लेकर ऊर्जा, कृषि, शिक्षा और न्याय क्षेत्र के प्रस्तावों को मंजूरी

Maharashtra Cabinet Decisions Land Energy Agriculture: महाराष्ट्र मंत्रिमंडल ने भूमि अधिग्रहण के मुआवजे पर ब्याज दरों में बदलाव, नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं को शुल्क में राहत और कृषि विभाग में चार नए पद बनाने को मंजूरी दी। लातूर की सहकारी चीनी मिल को ऋण लेने की अनुमति मिली। निजी कौशल विश्वविद्यालय, वरिष्ठ महाविद्यालयों और नांदेड के हदगांव में न्याय व्यवस्था से जुड़े प्रस्ताव भी मंजूर हुए।
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भूमि, ऊर्जा और कृषि क्षेत्र से जुड़े बड़े फैसले
Maharashtra Cabinet Decisions Land Energy Agriculture: महाराष्ट्र मंत्रिमंडल ने मंगलवार को भूमि अधिग्रहण, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि प्रशासन, सहकारिता, कौशल विकास, उच्च शिक्षा और न्याय व्यवस्था से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी।
भूमि अधिग्रहण का मुआवजा विलंब से मिलने पर दी जाने वाली ब्याज दर में संशोधन होगा। इसके लिए ‘भूमि अधिग्रहण, पुनर्वसन और पुनर्स्थापना में उचित मुआवजे एवं पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013’ की धारा 72 में बदलाव किया जाएगा।
नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं को भी राहत मिली है। ऐसी परियोजनाओं के लिए बनी कंपनियों के समूह या विशेष प्रयोजन वाहनों एसपीवीज़ (SPVs) के बीच आंतरिक भूमि हस्तांतरण पर स्टांप शुल्क माफ होगा, जबकि भूमि हस्तांतरण शुल्क में 25 प्रतिशत की छूट दी जाएगी।
कृषि विभाग में चार नए पद सृजित किए गए हैं कृषि निदेशक (कृषि अभियांत्रिकी, संपत्ति प्रबंधन एवं एग्रीस्टैक), कृषि सह निदेशक (सांख्यिकी), कृषि सह निदेशक (सूचना एवं प्रौद्योगिकी) और अपर निदेशक, एग्रीस्टैक (राजस्व)।
शिक्षा, सहकारिता और न्याय व्यवस्था के प्रस्तावों को भी मंजूरी
लातूर जिले के किल्लारी स्थित श्री नीलकंठेश्वर किसान सहकारी चीनी कारखाने को राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम एनसीडीसी (NCDC) से पूंजीगत और कार्यशील पूंजी ऋण लेने की अनुमति दी गई है।
शिक्षा क्षेत्र में, स्वयं-वित्तपोषित निजी कौशल विश्वविद्यालय स्थापित करने के नियमों में संशोधन को मंजूरी मिली। वरिष्ठ महाविद्यालयों में समाजकार्य की स्वतंत्र शाखा, नए पाठ्यक्रम और अतिरिक्त कक्षाएं भी शुरू हो सकेंगी।
न्याय व्यवस्था के तहत नांदेड जिले के हदगांव में जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायालय और सरकारी वकील कार्यालय स्थापित होगा। इसके लिए जरूरी न्यायिक अधिकारियों व कर्मचारियों के पदों तथा खर्च को मंजूरी दी गई है।
इन फैसलों के बाद अब संबंधित विभागों में इन्हें लागू करने की प्रक्रिया शुरू होगी।
रिपोर्ट: जस्सी, महाराष्ट्र

