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आईआईआईटी नागपुर में छात्र सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य को लेकर उठी बड़ी मांग

आईआईआईटी नागपुर में छात्र सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य को लेकर उठी बड़ी मांग
IIIT Nagpur student suicide BJP Yuva Morcha safety demand: आईआईआईटी नागपुर में छात्र सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य को लेकर उठी बड़ी मांग (Photo: RB / Jassi)

IIIT Nagpur student suicide BJP Yuva Morcha safety demand: आईआईआईटी नागपुर में एक छात्र की आत्महत्या के बाद छात्रों की सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य को लेकर चिंता बढ़ गई है। भाजयुमो छात्र इकाई ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच, चौबीस घंटे चिकित्सा सुविधा, काउंसलर नियुक्ति, बेहतर छात्रावास और मजबूत एंटी रैगिंग व्यवस्था की मांग की है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं रोकी जा सकें।

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Asfi Shadab
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छात्र सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य को लेकर बढ़ी चिंता

IIIT Nagpur student suicide BJP Yuva Morcha safety demand: नागपुर। इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी आईआईआईटी (IIIT) नागपुर में एक छात्र द्वारा आत्महत्या किए जाने की दुखद घटना के बाद भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) की छात्र इकाई ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को ज्ञापन सौंपा है। इस घटना के बाद संस्थान में छात्रों के बीच भय और मानसिक तनाव का माहौल बना हुआ है।

यह ज्ञापन भाजपा नागपुर शहर अध्यक्ष दयाशंकर तिवारी और भाजयुमो नागपुर शहर अध्यक्ष सचिन करारे के मार्गदर्शन में छात्र आघाड़ी संयोजक शंतनु झाड़े के नेतृत्व में सौंपा गया।

प्रमुख मांगें:

भाजयुमो ने मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच क्राइम ब्रांच से कराई जाए और दोषियों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई हो। यदि किसी प्रशासनिक अधिकारी पर तथ्य छिपाने या जांच में लापरवाही का आरोप सिद्ध होता है, तो उनके खिलाफ भी उच्चस्तरीय जांच की जाए।

निष्पक्ष जांच और बेहतर सुविधाओं की उठी मांग

इसके अलावा संगठन ने निम्नलिखित मांगें रखी हैं:

  • स्वतंत्र जांच समिति का गठन
  • छात्रों के लिए 24×7 चिकित्सा सुविधा
  • मनोचिकित्सक एवं काउंसलर की नियुक्ति
  • पर्याप्त छात्रावास सुविधाएं
  • एंटी-रैगिंग समिति को अधिक प्रभावी बनाना
  • पाठ्यक्रम में “तनाव प्रबंधन” और “मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता” को शामिल करना

ज्ञापन सौंपने के दौरान भाजयुमो नागपुर शहर महामंत्री रितेश पांडे, आशू गुमगांवकर, यश गौर, लिखित गणवीर सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

संगठन ने सरकार से मांग की है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस और सकारात्मक कदम उठाए जाएं। अब सभी की निगाहें मुख्यमंत्री कार्यालय की प्रतिक्रिया पर टिकी हैं।


रिपोर्ट: जस्सी, महाराष्ट्र

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Asfi Shadab

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असफ़ी शादाब वरिष्ठ पत्रकार और संवाददाता हैं, जो राष्ट्र भारत में महाराष्ट्र और कोलकाता से क्राइम, राजनीति, खेल और सरकारी नीतियों से जुड़े विषयों की ग्राउंड रिपोर्टिंग करते हैं। उन्हें जमीनी पत्रकारिता, प्रशासनिक मामलों और समसामयिक घटनाक्रमों की गहरी समझ है। उनकी रिपोर्टिंग तथ्यपरक, शोध आधारित और आधिकारिक स्रोतों पर आधारित होती है, जिससे पाठकों को विश्वसनीय और स्पष्ट जानकारी प्राप्त होती है। अनुभव : पत्रकारिता के क्षेत्र में कार्य करते हुए उन्होंने महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल के विभिन्न क्षेत्रों से ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है। प्रशासनिक कार्यवाहियों, सरकारी नीतियों, राजनीतिक घटनाक्रम और अपराध से जुड़े मामलों की फील्ड कवरेज उनकी प्रमुख पहचान रही है। वर्तमान भूमिका : राष्ट्र भारत में वरिष्ठ संवाददाता के रूप में वे क्राइम, राजनीति, खेल और सरकारी नीतियों से संबंधित खबरों की रिपोर्टिंग करते हैं। वे जमीनी सच्चाई को सरल और आम पाठक की भाषा में प्रस्तुत करने को प्राथमिकता देते हैं। भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस महाराष्ट्र और कोलकाता रहा है, जहां वे स्थानीय प्रशासन, राजनीतिक गतिविधियों, अपराध और खेल जगत से जुड़े विषयों को करीब से कवर करते हैं। उनकी क्षेत्रीय समझ और फील्ड अनुभव उनकी रिपोर्टिंग को अधिक प्रामाणिक बनाते हैं। मुख्य विशेषज्ञता (Core Expertise) : • क्राइम रिपोर्टिंग : अपराध, पुलिस जांच, प्रशासनिक कार्रवाई और कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों की तथ्यपरक कवरेज। • राजनीति और शासन : सरकारी नीतियों, प्रशासनिक फैसलों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर विश्लेषणात्मक रिपोर्टिंग। • खेल पत्रकारिता : खेल जगत की प्रमुख घटनाओं, खिलाड़ियों और प्रतियोगिताओं से जुड़े विषयों की रिपोर्टिंग। • ग्राउंड रिपोर्टिंग : फील्ड विजिट, स्थानीय स्रोतों और आधिकारिक जानकारी के आधार पर जमीनी सच्चाई सामने लाना। • जनहित पत्रकारिता : आम लोगों से जुड़े मुद्दों और प्रशासनिक प्रभावों को सरल एवं स्पष्ट भाषा में प्रस्तुत करना। विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तथ्यों की सटीकता, आधिकारिक स्रोतों पर आधारित रिपोर्टिंग और जमीनी अनुभव ने असफ़ी शादाब को एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है। क्राइम, राजनीति और प्रशासनिक विषयों पर उनकी निरंतर फील्ड रिपोर्टिंग पाठकों के बीच उनकी विश्वसनीयता को मजबूत बनाती है।