नागपुर विश्वविद्यालय में नवप्रवेशित विद्यार्थियों को आत्मविश्वास और मेहनत का संदेश

नागपुर विश्वविद्यालय दीक्षारंभ परिचय कार्यक्रम: नागपुर विश्वविद्यालय में पहली बार दीक्षारंभ कार्यक्रम आयोजित कर नवप्रवेशित विद्यार्थियों का स्वागत किया गया। डॉ. संजय रघाटाटे ने स्वयं से प्रेम, आत्मविश्वास और कौशल विकास का संदेश दिया। प्रति-कुलगुरु डॉ. अखिलेश पेशवे ने शिक्षकों पर भरोसा रखने, लक्ष्य पर ध्यान देने और नशे से दूर रहने की सलाह दी। कार्यक्रम में शिक्षा, शोध, स्टार्टअप और विद्यार्थी विकास से जुड़े विषयों की जानकारी दी गई।
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विद्यार्थियों को आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने की सलाह
नागपुर विश्वविद्यालय दीक्षारंभ परिचय कार्यक्रम: नागपुर, 8 सितंबर 2026: राष्ट्रसंत तुकडोजी महाराज नागपुर विश्वविद्यालय ने स्नातकोत्तर स्वायत्त शैक्षणिक विभागों में नवप्रवेशित विद्यार्थियों के स्वागत के लिए पहली बार ‘दीक्षारंभ’ कार्यक्रम आयोजित किया। आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ आईक्यूएसी (IQAC) की ओर से गुरु नानक भवन में 7 और 8 सितंबर को दो दिवसीय कार्यक्रम आयोजित हुआ।
उद्घाटन सत्र में प्रसिद्ध शिक्षाविद एवं जीवन कौशल प्रशिक्षक डॉ. संजय रघाटाटे ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि जीवन में सफल होने के लिए स्वयं से प्रेम करना सीखना आवश्यक है, इससे जीवन को समझने और आगे बढ़ने की क्षमता विकसित होती है। उन्होंने विद्यार्थियों को पृष्ठभूमि की परवाह किए बिना आत्मविश्वास विकसित करने, दूसरों से तुलना न करने, आत्मविश्वास से शिक्षकों के प्रश्नों के उत्तर देने और विश्वविद्यालय के इन्क्युबीन फाउंडेशन की मदद से स्टार्टअप शुरू करने की सलाह दी।
कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रति-कुलगुरु डॉ. अखिलेश पेशवे ने की। उन्होंने विद्यार्थियों से स्वयं को कमजोर न समझने और शिक्षकों पर विश्वास रखने का आह्वान किया, तथा नियोजन, आत्मनिरीक्षण, मेहनत और नशे से दूर रहकर सफलता हासिल करने की सीख दी।

शिक्षकों पर विश्वास रखकर लक्ष्य की ओर बढ़ें
इस अवसर पर डॉ. उमेश पलीकुंडवार, डॉ. शामराव कोरेटी, डॉ. मंगला हिरवाडे, डॉ. संजय ढोबले, आईक्यूएसी (IQAC) निदेशक डॉ. नंदकिशोर करडे और डॉ. गणेश केदार सहित विभागाध्यक्ष, शिक्षक और बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।
डॉ. करडे ने बताया कि सभी विभागों के नए विद्यार्थियों को एक मंच पर लाने के उद्देश्य से यह कार्यक्रम शुरू किया गया, जिसमें विश्वविद्यालय के इतिहास, एनईपी-2020 (NEP-2020), शोध-नवाचार, मानसिक स्वास्थ्य, महिला सशक्तीकरण और संवैधानिक मूल्यों जैसे विषयों पर जानकारी दी गई।
आगामी वर्षों में यह कार्यक्रम प्रतिवर्ष आयोजित किए जाने की योजना है, ताकि नए विद्यार्थियों का विश्वविद्यालयी जीवन सहज शुरुआत के साथ हो सके।
रिपोर्ट: जस्सी, महाराष्ट्र

