Rashtra Bharat Logo

Jharkhand Recruitment Scam: झारखंड भर्ती घोटाले पर युवाओं का बड़ा आंदोलन, 6 छात्र भूख हड़ताल पर

Jharkhand Recruitment Scam: झारखंड भर्ती घोटाले पर युवाओं का बड़ा आंदोलन, 6 छात्र भूख हड़ताल पर
Jharkhand Recruitment Scam: झारखंड भर्ती घोटाले पर युवाओं का बड़ा आंदोलन, 6 छात्र भूख हड़ताल पर ( Image - FB/@Rahul Mahto )

Student Protest : 6 छात्र आमरण भूख हड़ताल पर हैं और भर्ती परीक्षा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा। सरकार और छात्रों के बीच टकराव बढ़ता जा रहा है। आखिर कब मिलेगा युवाओं को जवाब, और कब खत्म होगा यह भर्ती विवाद?

Updated:
·by
Priyanka C. Mishra
Priyanka C. Mishra
Share:

विषयसूची

सोरेन सरकार पर बढ़ा दबाव

Jharkhand Recruitment Scam: झारखंड में भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर छात्रों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। राज्य में झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (जेएसएससी) की परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों के विरोध में बुधवार को पांच और प्रदर्शनकारी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठ गए। इसके साथ ही रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में भूख हड़ताल पर बैठे प्रदर्शनकारियों की संख्या बढ़कर छह हो गई है। दूसरी ओर, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने छात्रों से बातचीत का प्रस्ताव देते हुए कहा कि प्रश्नपत्र लीक और भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी केवल झारखंड की नहीं, बल्कि पूरे देश के युवाओं के सामने खड़ी एक गंभीर राष्ट्रीय समस्या है।

Jharkhand Recruitment Scam: झारखंड भर्ती घोटाले पर युवाओं का बड़ा आंदोलन, 6 छात्र भूख हड़ताल पर
Jharkhand Recruitment Scam – ( Image – FB/@Sarita Verma )

सोनम वांगचुक ने की पानी पीने की अपील

सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने आंदोलनरत छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो से मुलाकात की। महतो पिछले चार दिनों से आमरण अनशन पर बैठे थे और उन्होंने पानी तक नहीं पिया था। वांगचुक ने उनकी गिरती स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए कम से कम पानी पीने की सलाह दी। उन्होंने बताया कि महतो का रक्तचाप और रक्त शर्करा स्तर लगातार नीचे जा रहा है, जिससे स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा उत्पन्न हो सकता है। वांगचुक की अपील स्वीकार करते हुए महतो ने पानी पिया, हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी भूख हड़ताल तब तक जारी रहेगी जब तक सरकार उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लेती। वांगचुक स्वयं भी हाल ही में देशभर में परीक्षा प्रश्नपत्र लीक के मुद्दे को लेकर 26 दिनों की भूख हड़ताल कर चुके हैं।

Jharkhand Recruitment Scam: झारखंड भर्ती घोटाले पर युवाओं का बड़ा आंदोलन, 6 छात्र भूख हड़ताल पर
Jharkhand Recruitment Scam – ( Image – FB/@Sarita Verma )

पांच और अभ्यर्थियों ने शुरू की भूख हड़ताल

जेपीएससी-जेएसएससी सुधार मंच के बैनर तले मंगलवार रात से दो महिलाओं सहित पांच और प्रदर्शनकारियों ने अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर दी। आंदोलनकारी सबिता कुमारी ने कहा कि सरकार लगातार उनकी मांगों की अनदेखी कर रही है, जिसके कारण उन्हें यह कठोर कदम उठाना पड़ा। वहीं हबीबा नामक एक अन्य प्रदर्शनकारी ने कहा कि मुख्यमंत्री युवाओं के अभिभावक की तरह हैं और उन्हें छात्रों की पीड़ा को समझते हुए केवल आश्वासन नहीं बल्कि न्याय सुनिश्चित करना चाहिए।

क्या हैं छात्रों की प्रमुख मांगें?

छात्रों का आंदोलन 25 जुलाई से लगातार जारी है। प्रदर्शनकारी 14वीं जेपीएससी संयुक्त सिविल सेवा परीक्षा को रद्द करने की मांग कर रहे हैं। उनका आरोप है कि परीक्षा प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताएं हुई हैं और आयोग की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हुए हैं। छात्रों की प्रमुख मांगों में जेपीएससी और जेएसएससी में व्यापक संस्थागत सुधार, परीक्षा प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच तथा मामले की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) अथवा राज्य से बाहर के उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीशों के स्वतंत्र पैनल से कराने की मांग शामिल है।

सरकार ने दिया बातचीत का निमंत्रण

बढ़ते आंदोलन के बीच रांची प्रशासन ने छात्रों से बातचीत के माध्यम से समाधान निकालने का प्रयास शुरू किया। रांची के उप-मंडल पदाधिकारी कुमार रजत और अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी (कानून-व्यवस्था) धनंजय कुमार ने धरना स्थल पर पहुंचकर प्रदर्शनकारियों से मुलाकात की और पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल को मुख्यमंत्री आवास पर चर्चा के लिए आमंत्रित किया। हालांकि छात्र नेताओं ने कहा कि बातचीत पूरी पारदर्शिता के साथ होनी चाहिए। छात्र नेता रवींद्र पासवान ने कहा कि बैठक सार्वजनिक हो या उसका सीधा प्रसारण किया जाए, ताकि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी बनी रहे। वहीं छात्र नेता प्रेम सागर ने सुझाव दिया कि मुख्यमंत्री स्वयं धरना स्थल पर आकर छात्रों से संवाद करें।

दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करेंगे – मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर कहा कि युवाओं की चिंताएं सरकार के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने लिखा कि कथित पेपर लीक और भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी केवल झारखंड तक सीमित नहीं है, बल्कि यह देशभर में युवाओं के भविष्य को प्रभावित करने वाली राष्ट्रीय समस्या बन चुकी है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार इस मामले को पूरी गंभीरता से देख रही है तथा जांच एजेंसियां दिन-रात काम कर रही हैं। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है और कई लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल जांच करना नहीं, बल्कि युवाओं को स्थायी समाधान उपलब्ध कराना है। उन्होंने छात्रों से बातचीत और सुझाव देने की भी अपील की।

विपक्ष और सहयोगी दलों की प्रतिक्रिया

विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने छात्रों की मांगों को उचित बताते हुए 14वीं जेपीएससी परीक्षा रद्द करने तथा पूरे मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग की। दूसरी ओर, सत्तारूढ़ गठबंधन की सहयोगी कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अजय कुमार ने सुझाव दिया कि मामले की जांच उच्च न्यायालय के किसी वर्तमान न्यायाधीश की अध्यक्षता वाली समिति से कराई जाए। उन्होंने जेपीएससी के अधिकारियों को हटाने और हाल में घोषित परीक्षाओं के परिणाम रद्द करने की भी मांग की।

Jharkhand Recruitment Scam
Jharkhand Recruitment Scam ( Image – FB/@Scam – Sarita Verma )

सीआईडी जांच और अब तक की कार्रवाई

Jharkhand Recruitment Scam: कथित भर्ती घोटाले की जांच झारखंड पुलिस की अपराध अनुसंधान विभाग (सीआईडी) कर रही है। जांच के दौरान अब तक कई गिरफ्तारियां की जा चुकी हैं। सीआईडी ने जेपीएससी के पूर्व अध्यक्ष एल. खियांगते से कई दौर की पूछताछ की है और रांची, पलामू, हजारीबाग, बोकारो तथा धनबाद समेत अनेक स्थानों पर छापेमारी की है। बढ़ते विवाद के बीच जेपीएससी ने पहले ही 25 से 27 जुलाई तक प्रस्तावित संयुक्त सिविल सेवा मुख्य परीक्षा को अपरिहार्य परिस्थितियों का हवाला देते हुए स्थगित कर दिया था। जांच एजेंसियों का कहना है कि मामले से जुड़े सभी पहलुओं की गहन जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
झारखंड में भर्ती परीक्षाओं को लेकर शुरू हुआ यह आंदोलन अब राज्य के सबसे बड़े छात्र आंदोलनों में से एक बनता जा रहा है। एक ओर छात्र पारदर्शी और निष्पक्ष भर्ती प्रक्रिया की मांग पर अड़े हुए हैं, वहीं सरकार बातचीत के माध्यम से समाधान निकालने की कोशिश कर रही है। आने वाले दिनों में सरकार और छात्र प्रतिनिधियों के बीच होने वाली वार्ता इस आंदोलन की दिशा तय कर सकती है।


Rashtra Bharat
Rashtra Bharat पर पढ़ें ताज़ा खेल, राजनीति, विश्व, मनोरंजन, धर्म और बिज़नेस की अपडेटेड हिंदी खबरें।
Priyanka C. Mishra

Priyanka C. Mishra

प्रियंका सी. मिश्रा वरिष्ठ हिंदी कंटेंट राइटर और पत्रकार हैं, जिन्हें समाचार लेखन, डिजिटल कंटेंट निर्माण, स्क्रिप्टिंग, रिपोर्टिंग और विश्लेषण के क्षेत्र में व्यापक अनुभव प्राप्त है। वे सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक विषयों के साथ-साथ बॉलीवुड, ज्योतिष, स्वास्थ्य और लाइफस्टाइल जैसे विविध विषयों पर तथ्यपरक और शोध आधारित लेखन करती हैं। जटिल मुद्दों को सरल, स्पष्ट और पाठक-केंद्रित भाषा में प्रस्तुत करना उनकी विशेषता है, जिससे उनकी सामग्री व्यापक पाठक वर्ग के लिए सहज और विश्वसनीय बनती है। अनुभव : हिंदी पत्रकारिता और डिजिटल कंटेंट इंडस्ट्री में कार्य करते हुए उन्होंने समाचार लेखन, फीचर स्टोरी, विश्लेषणात्मक लेख और यूट्यूब स्क्रिप्टिंग में मजबूत पहचान बनाई है। विभिन्न समसामयिक और जनहित से जुड़े विषयों पर उनकी निरंतर सक्रियता उन्हें एक बहुमुखी कंटेंट विशेषज्ञ के रूप में स्थापित करती है। वर्तमान फोकस : वे समाचार, सोशल ट्रेंड्स, एंटरटेनमेंट, ज्योतिष, स्वास्थ्य और लाइफस्टाइल से जुड़े विषयों पर डिजिटल ऑडियंस के लिए जानकारीपूर्ण और भरोसेमंद कंटेंट तैयार करती हैं। उनकी प्राथमिकता तथ्यों की सटीकता, निष्पक्ष प्रस्तुति और पाठकों के लिए उपयोगी जानकारी उपलब्ध कराना है। मुख्य विशेषज्ञता (Core Expertise) : • समाचार लेखन और विश्लेषण : राजनीतिक, सामाजिक और आर्थिक विषयों पर स्पष्ट और संतुलित रिपोर्टिंग एवं विश्लेषण। • बॉलीवुड और एंटरटेनमेंट : फिल्म, सेलिब्रिटी और मनोरंजन जगत से जुड़े ट्रेंड्स और अपडेट्स पर लेखन। • ज्योतिष और लाइफस्टाइल : ज्योतिष, स्वास्थ्य, रिलेशनशिप और दैनिक जीवन से जुड़े विषयों पर सरल एवं उपयोगी कंटेंट निर्माण। • यूट्यूब स्क्रिप्टिंग और डिजिटल कंटेंट : डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के लिए आकर्षक, ऑडियंस-केंद्रित और रिसर्च आधारित स्क्रिप्ट तैयार करने में विशेषज्ञता। • हिंदी कंटेंट निर्माण : सरल, प्रभावी और SEO-फ्रेंडली हिंदी कंटेंट तैयार करने का अनुभव। विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तथ्यों की सटीकता, निष्पक्ष दृष्टिकोण और संवेदनशील लेखन शैली के कारण प्रियंका सी. मिश्रा ने पाठकों के बीच एक विश्वसनीय हिंदी कंटेंट राइटर और डिजिटल मीडिया प्रोफेशनल के रूप में अपनी पहचान बनाई है। समाचार और डिजिटल मीडिया के प्रति उनकी प्रतिबद्धता तथा विविध विषयों पर निरंतर लेखन अनुभव उनकी विशेषज्ञता और विश्वसनीयता को मजबूत बनाता है।