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Suvendu Adhikari Security Threat: सीएम के आवास की रेकी, एसटीएफ के हत्थे चढ़ा जैश का संदिग्ध

Suvendu Adhikari Security Threat: सीएम के आवास की रेकी, एसटीएफ के हत्थे चढ़ा जैश का संदिग्ध
Suvendu Adhikari Security Threat: कोलकाता में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के आवास की रेकी करने के आरोप में जैश का संदिग्ध आतंकी गिरफ्तार। जानिए एसटीएफ की जांच में आईएसआई कनेक्शन और 'हनीट्रैप' साजिश को लेकर क्या बड़े खुलासे हुए। (File Photo)

Suvendu Adhikari Security Threat: कोलकाता में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के आवास की रेकी करने के आरोप में जैश का संदिग्ध आतंकी गिरफ्तार। जानिए एसटीएफ की जांच में आईएसआई कनेक्शन और 'हनीट्रैप' साजिश को लेकर क्या बड़े खुलासे हुए।

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Shinki Singh
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नबान्न सचिवालय से लेकर घर तक: ऐसे रखी जा रही थी नजर

कोलकाता: जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े एक संदिग्ध आतंकी ने पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के आवास और उनके कार्यक्रमों की रेकी की थी। पुलिस ने मंगलवार को बताया कि आरोपी ने यह काम पाकिस्तान में बैठे अपने आकाओं के इशारे पर किया था। कोलकाता पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने पिछले हफ्ते पूर्बा बर्धमान से हमीम मंडल नाम के संदिग्ध को उसके दो साथियों अर्पिता सरकार और आदित्य सिन्हा के साथ गिरफ्तार किया था। पूछताछ और मोबाइल टावर लोकेशन की जांच में खुलासा हुआ कि हमीम मुख्यमंत्री के चिनार पार्क स्थित घर के आसपास घूम रहा था और उनके कई कार्यक्रमों में भी शामिल हुआ था।

जांच में हुए बड़े खुलासे

  • सुरक्षा में सेंध की कोशिश: आरोपी को मुख्यमंत्री की गतिविधियों, उनके कार्यक्रमों और सुरक्षा व्यवस्था में कमियों पर नजर रखने की जिम्मेदारी दी गई थी।

  • सचिवालय (नबान्न) की भी जांच: एसटीएफ इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या संदिग्धों ने राज्य सचिवालय ‘नबान्न’ की रेकी की थी। इसके लिए सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं।

  • किराए के मकान की तलाश: पुलिस के मुताबिक, लंबे समय तक निगरानी रखने के लिए आरोपी मुख्यमंत्री के घर के पास किराए पर कमरा ढूंढने की कोशिश में था।

  • पाकिस्तान और आईएसआई से कनेक्शन: एसटीएफ का आरोप है कि मंडल के पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ‘आईएसआई’ तथा पाकिस्तान स्थित गैंगस्टर शहजाद भट्टी के नेटवर्क से सीधे संबंध थे। एसटीएफ अधिकारी ने कहा, जांच में आरोपी के सीमा पार से कथित संबंधों के संकेत मिले हैं।

  • ‘हनीट्रैप’ का इस्तेमाल: गिरोह में शामिल अर्पिता सरकार को बड़े नेताओं और अफसरों को अपने जाल में फंसाकर गोपनीय जानकारियां जुटाने का काम सौंपा गया था। एसटीएफ इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या शहजाद भट्टी या पाकिस्तान समर्थित अन्य तत्वों से जुड़ा कोई और नेटवर्क पश्चिम बंगाल में सक्रिय है तथा क्या स्थानीय सहयोगियों या ‘स्लीपर सेल’ ने इस कथित साजिश को रसद संबंधी मदद उपलब्ध कराई थी।


रिपोर्ट: शिंकी सिंह, कोलकाता

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शिंकी सिंह (Shinki Singh) पत्रकारिता के क्षेत्र में लगभग एक दशक का अनुभव रखती हैं। उन्होंने वर्ष 2017 में दैनिक सन्मार्ग से अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत की, जहाँ कई वर्षों तक फील्ड रिपोर्टिंग और न्यूज़ डेस्क की जिम्मेदारियाँ निभाईं। इस दौरान उन्होंने राजनीति, सामाजिक सरोकारों, महिला मुद्दों और जनहित से जुड़े विषयों पर व्यापक रिपोर्टिंग की। इसके साथ ही न्यूज़ एंकरिंग और वीडियो एडिटिंग का व्यावहारिक अनुभव भी प्राप्त किया, जिससे डिजिटल और मल्टीमीडिया पत्रकारिता की उनकी समझ और अधिक सशक्त हुई। इसके बाद उन्होंने प्रभात खबर से जुड़कर हार्ड न्यूज़, समसामयिक घटनाओं और लाइफस्टाइल पत्रकारिता सहित विभिन्न विषयों पर रिपोर्टिंग और लेखन किया। तथ्यपरक, निष्पक्ष और संतुलित पत्रकारिता में विश्वास रखते हुए वे प्रत्येक समाचार को विश्वसनीय स्रोतों, तथ्यों के सत्यापन और गहन अध्ययन के आधार पर प्रस्तुत करने को प्राथमिकता देती हैं। वर्तमान में शिंकी सिंह राष्ट्र भारत से जुड़ी हैं, जहाँ वे राष्ट्रीय, राजनीतिक, सामाजिक और जनहित से जुड़े विषयों पर समाचार, विश्लेषण और विशेष रिपोर्ट तैयार कर रही हैं। उनका उद्देश्य पाठकों तक सटीक, प्रमाणिक और भरोसेमंद जानकारी पहुँचाना है। शैक्षणिक रूप से उन्होंने महार्षि दयानंद विश्वविद्यालय (MDU), रोहतक से बी.एड. की शिक्षा प्राप्त की है। इसके अतिरिक्त इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (IGNOU) से इतिहास एवं अंग्रेज़ी विषयों में स्नातकोत्तर (Master's) की डिग्री हासिल की है। वे पत्रकारिता में निरंतर सीखने, बदलते मीडिया परिदृश्य के अनुरूप स्वयं को अपडेट रखने तथा तथ्यों की पुष्टि के बाद ही समाचार प्रकाशित करने में विश्वास रखती हैं।