Rashtra Bharat Logo

रांची में आरएसएस कार्यालय पर पेट्रोल बम से हमला, सीसीटीवी में कैद हुए संदिग्ध; जांच में जुटी पुलिस

रांची में आरएसएस कार्यालय पर पेट्रोल बम से हमला, सीसीटीवी में कैद हुए संदिग्ध; जांच में जुटी पुलिस
रांची में आरएसएस कार्यालय पर पेट्रोल बम से हमला, सीसीटीवी में कैद हुए संदिग्ध

रांची में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के कार्यालय पर देर रात पेट्रोल बम से हमला करने की कोशिश का मामला सामने आया है। सीसीटीवी फुटेज में दो संदिग्ध युवक नजर आए हैं। पुलिस और एफएसएल की टीम जांच में जुटी है, जबकि हमले के पीछे स्थानीय विवाद की आशंका जताई जा रही है।

Updated:
·by
Dipali Kumari
Dipali Kumari
Share:

विषयसूची

Ranchi RSS Office Petrol Bomb Attack: झारखंड की राजधानी रांची में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के कार्यालय को निशाना बनाते हुए पेट्रोल बम से हमला किए जाने का मामला सामने आया है। यह घटना मंगलवार देर रात करीब 12:36 बजे की बताई जा रही है। हालांकि हमले में किसी तरह के नुकसान या हताहत होने की सूचना नहीं है, लेकिन घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियां और पुलिस सतर्क हो गई हैं।

किसी बड़ी साजिश की तैयारी- बाबूलाल मरांडी

घटना को लेकर झारखंड विधानसभा में विपक्ष के नेता बाबूलाल मरांडी ने इसे गंभीर मामला बताते हुए कहा कि देर रात दो लोग  आरएसएस कार्यालय के पास पहुंचे और पेट्रोल बम फेंकने की कोशिश की। उन्होंने बताया कि हमलावर कार से आए थे और उनके साथ कुछ मोटरसाइकिलें भी थीं। मरांडी ने कहा कि यह केवल एक सामान्य घटना नहीं बल्कि किसी बड़ी साजिश या घटना की तैयारी का हिस्सा भी हो सकती है। उन्होंने बताया कि इस संबंध में जिला प्रशासन से भी बातचीत की गई है।

जांच में जुटी रांची पुलिस

रांची पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और हमलावरों की पहचान के लिए कई टीमों को लगाया गया है। फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) की टीम भी घटनास्थल पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाने में लगी है। पुलिस को आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी मिली है, जिसमें दो संदिग्ध युवक नजर आ रहे हैं।

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि हमलावरों ने पेट्रोल बम के रूप में चिली सॉस की कांच की बोतलों का इस्तेमाल किया था। सीसीटीवी फुटेज में देखा गया कि पहला पेट्रोल बम फेंकने के दौरान उसमें लगी आग वाली सुतली जमीन पर गिर गई, जिससे वह बेअसर हो गया। इसके बाद दूसरा पेट्रोल बम फेंका गया, लेकिन वह भी कार्यालय परिसर तक नहीं पहुंच सका।

बगल में स्थित होटल के कर्मचारियों पर संदेह

स्थानीय लोगों के अनुसार, आरएसएस कार्यालय के समीप स्थित एक होटल के कुछ कर्मचारी संदेह के घेरे में हैं। बताया जा रहा है कि कुछ दिन पहले कार्यालय की ओर से होटल में फैली गंदगी और अन्य समस्याओं को लेकर शिकायत की गई थी। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच विवाद की स्थिति बनी हुई थी। पुलिस भी इस एंगल से जांच कर रही है, हालांकि अभी तक किसी की संलिप्तता की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

फिलहाल पुलिस सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और स्थानीय लोगों से पूछताछ के आधार पर मामले की तह तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। घटना के बाद क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ा दी गई है।

Rashtra Bharat
Rashtra Bharat पर पढ़ें ताज़ा खेल, राजनीति, विश्व, मनोरंजन, धर्म और बिज़नेस की अपडेटेड हिंदी खबरें।

Dipali Kumari

Dipali Kumari

दीपाली कुमारी सक्रिय पत्रकार और हिंदी कंटेंट राइटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में तीन वर्षों का अनुभव है। उन्होंने रांची के गोस्सनर कॉलेज से स्नातक की शिक्षा प्राप्त की है। सामाजिक सरोकारों, जन-जागरूकता और जमीनी मुद्दों पर तथ्यपरक एवं संवेदनशील लेखन उनकी प्रमुख पहचान है। आम लोगों की आवाज़ को मुख्यधारा तक पहुँचाना और समाज से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों को प्रभावशाली तरीके से प्रस्तुत करना उनकी पत्रकारिता का मुख्य उद्देश्य है। अनुभव : पिछले तीन वर्षों से वे सक्रिय पत्रकारिता और डिजिटल कंटेंट लेखन से जुड़ी हुई हैं। इस दौरान उन्होंने सामाजिक मुद्दों, जनहित विषयों और स्थानीय समस्याओं पर लगातार लेखन किया है। उनकी रिपोर्टिंग और लेखन शैली जमीनी समझ, स्पष्ट प्रस्तुति और पाठक-केंद्रित दृष्टिकोण को दर्शाती है। वर्तमान फोकस : वे समाज, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण, जन-जागरूकता और सामाजिक बदलाव से जुड़े विषयों पर लेखन करती हैं। उनकी प्राथमिकता ऐसी खबरें और लेख तैयार करना है, जो आम लोगों से सीधे जुड़ाव बनाएं और सकारात्मक सामाजिक प्रभाव उत्पन्न करें। मुख्य विशेषज्ञता (Core Expertise) : • सामाजिक मुद्दों पर लेखन : जनहित, सामाजिक बदलाव और आम लोगों से जुड़े विषयों पर संवेदनशील और प्रभावशाली रिपोर्टिंग। • जमीनी रिपोर्टिंग : स्थानीय समस्याओं और वास्तविक परिस्थितियों को सरल एवं स्पष्ट भाषा में प्रस्तुत करना। • जन-जागरूकता आधारित कंटेंट : शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक जागरूकता से जुड़े विषयों पर जानकारीपूर्ण लेखन। • हिंदी कंटेंट निर्माण : पाठकों के लिए सहज, विश्वसनीय और प्रभावी हिंदी कंटेंट तैयार करने में विशेषज्ञता। विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : जमीनी मुद्दों की गहरी समझ, निष्पक्ष दृष्टिकोण और समाज-केंद्रित लेखन शैली ने दीपाली कुमारी को एक संवेदनशील और भरोसेमंद हिंदी पत्रकार के रूप में स्थापित किया है। जनहित से जुड़े विषयों पर उनकी निरंतर सक्रियता और तथ्यपरक लेखन उनकी विश्वसनीयता को मजबूत बनाते हैं।