Hurun India Women Leaders 2026: अपनी मेहनत से मुकाम बना रहीं भारतीय महिलाएं, 117 नामों को मिली जगह

Indian Women Leaders : हुरुन इंडिया वुमन लीडर्स 2026 में 117 प्रभावशाली महिलाओं को शामिल किया गया है। सूची दिखाती है कि भारतीय महिलाएं मेहनत और प्रतिभा से हर क्षेत्र में नेतृत्व कर रही हैं।
विषयसूची
कारोबार से खेल तक, हर क्षेत्र में दिखा महिला नेतृत्व का दम
Hurun India Women Leaders 2026: भारत में महिला नेतृत्व की तस्वीर तेजी से बदल रही है। अब बड़ी संख्या में महिलाएं अपने परिवार की विरासत के सहारे नहीं, बल्कि अपनी मेहनत, प्रतिभा और नए विचारों के दम पर अपनी पहचान बना रही हैं। कैंडियर हुरुन इंडिया वुमन लीडर्स लिस्ट 2026 इसी बदलाव को दिखाती है। इस साल जारी हुई सूची में देश की 117 प्रभावशाली महिलाओं को शामिल किया गया है। पिछले साल यह संख्या 97 थी। खास बात यह है कि सूची में शामिल करीब 84 प्रतिशत महिलाएं खुद अपनी मेहनत से आगे बढ़ी हैं। यानी उन्होंने अपनी सफलता खुद बनाई है। यह सूची बताती है कि आज महिला नेतृत्व केवल कंपनियों के दफ्तरों तक सीमित नहीं है। खेल, स्टार्टअप, पत्रकारिता, साहित्य, फैशन और सामाजिक क्षेत्र में भी महिलाएं अपनी अलग पहचान बना रही हैं।
सबसे उम्रदराज महिला 86 वर्षीय उद्यमी रजनी बेक्टर
हुरुन इंडिया वुमन लीडर्स लिस्ट 2026 सूची में शामिल 117 महिलाओं की कुल संपत्ति और कंपनियों का संयुक्त मूल्य करीब 39 लाख करोड़ रुपये बताया गया है। इस सूची में अलग-अलग उम्र और क्षेत्रों की महिलाएं शामिल हैं। सबसे कम उम्र की सम्मानित महिला 19 वर्षीय पैरा-आर्चर शीतल देवी हैं, जबकि सबसे उम्रदराज महिला 86 वर्षीय उद्यमी रजनी बेक्टर हैं। यह सूची सात दशक की महिला नेतृत्व यात्रा को दिखाती है, जिसमें युवा प्रतिभाओं से लेकर अनुभवी महिला उद्यमियों तक सभी को जगह मिली है। हुरुन इंडिया के संस्थापक और मुख्य शोधकर्ता अनस रहमान जुनैद ने कहा कि इस साल की सूची की सबसे बड़ी खासियत इसका विस्तार और विविधता है। सूची में शामिल 98 महिलाएं खुद अपनी मेहनत से आगे बढ़ी हैं, जो दिखाता है कि भारत में नेतृत्व अब विरासत से ज्यादा मेहनत और क्षमता से तय हो रहा है।
कारोबार की दुनिया में महिलाओं का दबदबा
हुरुन इंडिया की सूची में कारोबार जगत की कई बड़ी महिला नेताओं को शामिल किया गया है।
किरण मजूमदार-शॉ – बायोकॉन की संस्थापक, जिन्होंने भारत के बायोटेक क्षेत्र को नई पहचान दी।
रोशनी नाडर मल्होत्रा – एचसीएलटेक की चेयरपर्सन, जिन्होंने तकनीकी क्षेत्र में मजबूत नेतृत्व दिखाया।
फाल्गुनी नायर – नायका की संस्थापक, जिन्होंने ई-कॉमर्स क्षेत्र में सफलता की नई कहानी लिखी।
निसाबा गोदरेज – गोदरेज समूह की प्रमुख युवा नेताओं में शामिल।
प्रिया नायर – हिंदुस्तान यूनिलीवर की सीईओ और मैनेजिंग डायरेक्टर।
रोशनी नाडर मल्होत्रा ने वेल्थ मल्टीप्लायर्स कैटेगरी में पहला स्थान हासिल किया। वहीं प्रिया नायर ने प्रोफेशनल सीईओ कैटेगरी में शीर्ष स्थान पाया।
खेल के मैदान से भी चमकीं महिलाएं
इस बार सूची में खेल जगत की महिलाओं को भी खास जगह मिली है। ओलंपिक और पैरालंपिक पदक विजेता खिलाड़ियों की संख्या सबसे बड़ी श्रेणी रही। इसमें शामिल प्रमुख नाम हैं-
पीवी सिंधु – बैडमिंटन खिलाड़ी।
मनु भाकर – निशानेबाजी में देश का नाम रोशन करने वाली खिलाड़ी।
मैरी कॉम- बॉक्सिंग की दिग्गज खिलाड़ी।
मीराबाई चानू – वेटलिफ्टिंग में भारत की पहचान।
खास बात यह है कि खेल श्रेणी में शामिल 20 महिलाओं में 60 प्रतिशत पैरा-एथलीट हैं। यह दिखाता है कि चुनौतियों के बावजूद महिलाएं सफलता हासिल कर रही हैं।
पत्रकारिता, साहित्य और सामाजिक क्षेत्र में भी पहचान
महिला नेतृत्व की परिभाषा अब केवल कारोबार तक सीमित नहीं रही है। इस सूची में पत्रकारिता और साहित्य क्षेत्र की महिलाओं को भी शामिल किया गया है। प्रमुख नामों में-
फे डिसूजा – स्वतंत्र पत्रकार।
बरखा दत्त – वरिष्ठ पत्रकार।
पालकी शर्मा उपाध्याय – पत्रकार और समाचार प्रस्तोता।
सुधा मूर्ति – लेखिका और सामाजिक कार्यकर्ता।
ट्विंकल खन्ना – लेखिका और रचनात्मक क्षेत्र से जुड़ी हस्ती।
इसके अलावा उद्यमी और क्रिएटर अनन्या बिड़ला को भी सूची में जगह मिली है।
12 क्षेत्रों में बांटी गई सूची
पिछले साल हुरुन की सूची नौ श्रेणियों में थी, लेकिन इस बार इसे बढ़ाकर 12 श्रेणियों तक किया गया है। इनमें बिजनेस, स्टार्टअप, खेल, पत्रकारिता, साहित्य, फैशन और सामाजिक प्रभाव जैसे क्षेत्र शामिल हैं। हुरुन इंडिया का कहना है कि इस सूची का उद्देश्य ऐसी महिलाओं को सामने लाना है, जिनकी कहानियां अक्सर लोगों तक नहीं पहुंच पातीं। इस बार पिछली सूची की करीब 80 प्रतिशत महिलाओं को दोहराया नहीं गया है, ताकि नई प्रतिभाओं को मौका मिल सके।
मुंबई सबसे बड़ा केंद्र
महिला नेताओं के मामले में मुंबई सबसे आगे रहा। यहां से 26 महिलाओं को सूची में जगह मिली। इसके बाद नई दिल्ली से 21 और बेंगलुरु से 16 महिलाएं शामिल हुईं। महाराष्ट्र से कुल 31 महिलाओं को जगह मिली, जबकि दिल्ली में इस साल सबसे ज्यादा बढ़ोतरी दर्ज की गई।
बदलते भारत की तस्वीर
Hurun India Women Leaders 2026: हुरुन इंडिया वुमन लीडर्स 2026 सूची बताती है कि आज सफलता की राह केवल एक क्षेत्र तक सीमित नहीं है। कोई खिलाड़ी मैदान से अपनी पहचान बना रही है तो कोई पत्रकारिता, कारोबार या समाज सेवा के जरिए बदलाव ला रही है। यह सूची इस बात का प्रमाण है कि भारत में महिलाएं अब नेतृत्व की हर भूमिका में आगे बढ़ रही हैं। उनकी मेहनत और उपलब्धियां आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बन रही हैं।

