
संतानहीनता के दुख में युवती ने तोड़ा जीवन सूत्र, बलिया में आत्महत्या से मचा शोक बलिया, उत्तर प्रदेश (31 अक्टूबर 2025) – उत्तर प्रदेश के बलिया ज़िले में एक हृदयविदारक घटना ने पूरे गांव को गहरे शोक में डुबो दिया। चितबड़ागांव थाना क्षेत्र के एक छोटे से गांव में 30 वर्षीय अंकिता सिंह ने कथित रूप से संतानहीनता के कारण अवसाद में आकर अपने ही घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना का विवरण यह घटना बुधवार की रात की बताई जा रही है जब अंकिता सिंह ने अपने ससुराल में छत के पंखे से दुपट्टे के सहारे फांसी

संतानहीनता के दुख में युवती ने तोड़ा जीवन सूत्र, बलिया में आत्महत्या से मचा शोक बलिया, उत्तर प्रदेश (31 अक्टूबर 2025) – उत्तर प्रदेश के बलिया ज़िले में एक हृदयविदारक घटना ने पूरे गांव को गहरे शोक में डुबो दिया। चितबड़ागांव थाना क्षेत्र के एक छोटे से गांव में 30 वर्षीय अंकिता सिंह ने कथित रूप से संतानहीनता के कारण अवसाद में आकर अपने ही घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना का विवरण यह घटना बुधवार की रात की बताई जा रही है जब अंकिता सिंह ने अपने ससुराल में छत के पंखे से दुपट्टे के सहारे फांसी

बिहार में मुस्लिम राज्यपाल, भाजपा का समावेशी दृष्टिकोण: दानिश अंसारी बलिया (उत्तर प्रदेश), 30 अक्टूबर (वार्ता)।उत्तर प्रदेश सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री दानिश आज़ाद अंसारी ने गुरुवार को एक पत्रकार वार्ता में कहा कि भाजपा ने बिहार विधानसभा चुनावों में किसी मुस्लिम उम्मीदवार को मैदान में नहीं उतारा, तो इसका यह अर्थ नहीं कि पार्टी अल्पसंख्यकों को नज़रअंदाज़ कर रही है। उन्होंने कहा कि “बिहार में मुस्लिम राज्यपाल की नियुक्ति ही समावेश का सबसे बड़ा उदाहरण है।” मंत्री ने कहा कि वर्तमान में अरिफ़ मोहम्मद ख़ान बिहार के राज्यपाल के रूप में कार्यरत हैं, और यह स्वयं दर्शाता है

बिहार में मुस्लिम राज्यपाल, भाजपा का समावेशी दृष्टिकोण: दानिश अंसारी बलिया (उत्तर प्रदेश), 30 अक्टूबर (वार्ता)।उत्तर प्रदेश सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री दानिश आज़ाद अंसारी ने गुरुवार को एक पत्रकार वार्ता में कहा कि भाजपा ने बिहार विधानसभा चुनावों में किसी मुस्लिम उम्मीदवार को मैदान में नहीं उतारा, तो इसका यह अर्थ नहीं कि पार्टी अल्पसंख्यकों को नज़रअंदाज़ कर रही है। उन्होंने कहा कि “बिहार में मुस्लिम राज्यपाल की नियुक्ति ही समावेश का सबसे बड़ा उदाहरण है।” मंत्री ने कहा कि वर्तमान में अरिफ़ मोहम्मद ख़ान बिहार के राज्यपाल के रूप में कार्यरत हैं, और यह स्वयं दर्शाता है

पत्नी की बेरुख़ी से टूटी जीवन की डोर उत्तर प्रदेश के बलिया जनपद के जिउतपुरा गाँव से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ वैवाहिक कलह और भावनात्मक टूटन ने एक युवक को अपनी जीवनलीला समाप्त करने पर विवश कर दिया। यह घटना केवल एक व्यक्ति की निजी पीड़ा नहीं, बल्कि हमारे समाज में बढ़ते मानसिक दबाव और संवादहीनता की गंभीर तस्वीर भी प्रस्तुत करती है। सोमवार की रात लगभग दस बजे, राहुल यादव नामक 30 वर्षीय युवक ने अपने ही घर के पास पेड़ से फाँसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मंगलवार की सुबह जब ग्रामीणों ने उसका शव देखा,

पत्नी की बेरुख़ी से टूटी जीवन की डोर उत्तर प्रदेश के बलिया जनपद के जिउतपुरा गाँव से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ वैवाहिक कलह और भावनात्मक टूटन ने एक युवक को अपनी जीवनलीला समाप्त करने पर विवश कर दिया। यह घटना केवल एक व्यक्ति की निजी पीड़ा नहीं, बल्कि हमारे समाज में बढ़ते मानसिक दबाव और संवादहीनता की गंभीर तस्वीर भी प्रस्तुत करती है। सोमवार की रात लगभग दस बजे, राहुल यादव नामक 30 वर्षीय युवक ने अपने ही घर के पास पेड़ से फाँसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मंगलवार की सुबह जब ग्रामीणों ने उसका शव देखा,

छठ पर्व पर हादसे की छाया: बलिया में तीन श्रद्धालुओं की डूबकर मौत, परिवारों में कोहराम बलिया (उत्तर प्रदेश), 28 अक्टूबर: छठ महापर्व की पवित्रता और श्रद्धा के बीच उत्तर प्रदेश के बलिया जिले से दुखद खबर आई है। जिले के तीन अलग-अलग इलाकों — नगरा, बांसडीह और मनियर थाना क्षेत्रों — में तीन श्रद्धालुओं की डूबने से मौत हो गई।हादसे छठ पूजा के दूसरे दिन सोमवार को हुए, जब श्रद्धालु स्नान और अर्घ्य की तैयारी में जुटे थे। इन घटनाओं ने जिले भर में मातम का माहौल पैदा कर दिया है। जहां एक ओर घाटों पर छठी मइया के

छठ पर्व पर हादसे की छाया: बलिया में तीन श्रद्धालुओं की डूबकर मौत, परिवारों में कोहराम बलिया (उत्तर प्रदेश), 28 अक्टूबर: छठ महापर्व की पवित्रता और श्रद्धा के बीच उत्तर प्रदेश के बलिया जिले से दुखद खबर आई है। जिले के तीन अलग-अलग इलाकों — नगरा, बांसडीह और मनियर थाना क्षेत्रों — में तीन श्रद्धालुओं की डूबने से मौत हो गई।हादसे छठ पूजा के दूसरे दिन सोमवार को हुए, जब श्रद्धालु स्नान और अर्घ्य की तैयारी में जुटे थे। इन घटनाओं ने जिले भर में मातम का माहौल पैदा कर दिया है। जहां एक ओर घाटों पर छठी मइया के