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Kolkata News: भवानीपुर में फिरहाद हाकिम का डोर-टू-डोर प्रचार, चुनाव आयोग पर साधा निशाना

Kolkata News: भवानीपुर में फिरहाद हाकिम का डोर-टू-डोर प्रचार, चुनाव आयोग पर साधा निशाना
Firhad Hakim Bhabanipur election campaign: फिरहाद हाकिम ने भवानीपुर में घर-घर जाकर ममता बंदोपाध्याय के लिए प्रचार किया, चुनाव आयोग पर लगाए गंभीर आरोप। (Photo by Reporter एकबाल)

Firhad Hakim Bhabanipur election campaign: भवानीपुर में प्रचार के दौरान फिरहाद हाकिम ने चुनाव प्रक्रिया, अधिकारियों के बदलाव और मतदाता सूची पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि लोगों में भ्रम है, लेकिन जनता का समर्थन तृणमूल कांग्रेस के साथ है। उन्होंने भरोसा जताया कि ममता बनर्जी को इस सीट से बड़ी जीत मिलेगी और लोगों का रुख सकारात्मक बना हुआ है।

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Asfi Shadab
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भवानीपुर में प्रचार तेज, फिरहाद हाकिम ने चुनाव प्रक्रिया पर उठाए सवाल

Firhad Hakim Bhabanipur election campaign: कोलकाता | भवानीपुर तृणमूल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और कोलकाता के मेयर फिरहाद हाकिम ने भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र के चेतला इलाके में घर-घर जाकर मुख्यमंत्री ममता बंदोपाध्याय के समर्थन में प्रचार किया। इस दौरान उन्होंने चुनाव आयोग और बीजेपी पर कड़े शब्दों में हमला बोला।

Firhad Hakim Bhabanipur election campaign: फिरहाद हाकिम ने भवानीपुर में घर-घर जाकर ममता बंदोपाध्याय के लिए प्रचार किया, चुनाव आयोग पर लगाए गंभीर आरोप।
Firhad Hakim Bhabanipur election campaign: फिरहाद हाकिम ने भवानीपुर में घर-घर जाकर ममता बंदोपाध्याय के लिए प्रचार किया, चुनाव आयोग पर लगाए गंभीर आरोप। (Photo by Reporter एकबाल)

चुनाव आयोग पर आरोप

भवानीपुर में रिटर्निंग ऑफिसर समेत 73 अधिकारियों के एक साथ तबादले पर हाकिम ने कहा – “इलेक्शन कमीशन तुगलकी है। सोच रहे हैं चीफ सेक्रेटरी समेत सबको बदलकर बीजेपी को जिताएंगे। अभी ताकत है तो रिटर्निंग ऑफिसर बदल रहे हैं। लोगों को लाइन में खड़ा किया, करीब 200 लोगों को मार डाला। लोग लाइन में खड़े-खड़े मर गए। अत्याचार हो रहा है और अदालत चुप है।”

Firhad Hakim Bhabanipur election campaign: फिरहाद हाकिम ने भवानीपुर में घर-घर जाकर ममता बंदोपाध्याय के लिए प्रचार किया, चुनाव आयोग पर लगाए गंभीर आरोप।
Firhad Hakim Bhabanipur election campaign: फिरहाद हाकिम ने भवानीपुर में घर-घर जाकर ममता बंदोपाध्याय के लिए प्रचार किया, चुनाव आयोग पर लगाए गंभीर आरोप। (Photo by Reporter एकबाल)

रिटर्निंग ऑफिसर बदलाव और मतदाता सूची को लेकर बढ़ा विवाद

सप्लीमेंट्री वोटर लिस्ट पर सवाल

सप्लीमेंट्री मतदाता सूची को लेकर हाकिम ने कहा – “जो लिस्ट निकली है उसमें कुछ नहीं – भ्रामक सूची है। किसका नाम है, किसका नहीं – कुछ स्पष्ट नहीं। ‘पांच बजे तक कोई निर्णय नहीं लिया गया’ – इसका मतलब क्या है? यह भारत विरोधी है, भारत के संविधान के खिलाफ है।”

Firhad Hakim Bhabanipur election campaign: फिरहाद हाकिम ने भवानीपुर में घर-घर जाकर ममता बंदोपाध्याय के लिए प्रचार किया, चुनाव आयोग पर लगाए गंभीर आरोप।
Firhad Hakim Bhabanipur election campaign: फिरहाद हाकिम ने भवानीपुर में घर-घर जाकर ममता बंदोपाध्याय के लिए प्रचार किया, चुनाव आयोग पर लगाए गंभीर आरोप। (Photo by Reporter एकबाल)

चुनाव इसी सूची के आधार पर होगा – यह बताए जाने पर उन्होंने कहा – “चुनाव हो तो होगा। लोग हमें ही वोट देंगे। जिसने लोगों को इतना परेशान किया, क्या लोग सब भूल जाएंगे?”

ममता उत्तर बंगाल में, भवानीपुर की जिम्मेदारी हाकिम पर

ममता बंदोपाध्याय के उत्तर बंगाल प्रचार पर जाने के सवाल पर हाकिम ने कहा – “ममता बंदोपाध्याय पूरे बंगाल की प्रत्याशी हैं। उन्होंने अपने घर की जिम्मेदारी हमें दी है। हम लोगों से बस यही कह रहे हैं – तृणमूल कांग्रेस को ही वोट दें।”

Firhad Hakim Bhabanipur election campaign: फिरहाद हाकिम ने भवानीपुर में घर-घर जाकर ममता बंदोपाध्याय के लिए प्रचार किया, चुनाव आयोग पर लगाए गंभीर आरोप।
Firhad Hakim Bhabanipur election campaign: फिरहाद हाकिम ने भवानीपुर में घर-घर जाकर ममता बंदोपाध्याय के लिए प्रचार किया, चुनाव आयोग पर लगाए गंभीर आरोप। (Photo by Reporter एकबाल)

रायदिघी हत्याकांड और जनता का मूड

रायदिघी में बीजेपी कार्यकर्ता की हत्या के आरोप पर हाकिम ने कहा – “यहां से मेरा बोलना ठीक नहीं, मुझे कुछ पता नहीं। लेकिन न्याय व्यवस्था है – जो भी दोषी हो, वह गिरफ्तार होगा।”

चेतला में डोर-टू-डोर प्रचार के अनुभव के बारे में हाकिम ने बताया – “लोग बहुत पॉजिटिव हैं। कोई कह रहा है ‘फिर आए!’, कोई कह रहा है ‘हमें बताना पड़ेगा?’ – 25 साल से मैं काउंसिलर हूं, साल भर लोगों के साथ रहता हूं। हमें भरोसा है, ममता बंदोपाध्याय को भवानीपुर से भारी अंतर से जिताएंगे।”

भवानीपुर सीट पर मतदान की तारीख नजदीक आते ही तृणमूल का प्रचार अभियान तेज हो गया है।


रिपोर्ट: एकबाल, पश्चिम बंगाल

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असफ़ी शादाब वरिष्ठ पत्रकार और संवाददाता हैं, जो राष्ट्र भारत में महाराष्ट्र और कोलकाता से क्राइम, राजनीति, खेल और सरकारी नीतियों से जुड़े विषयों की ग्राउंड रिपोर्टिंग करते हैं। उन्हें जमीनी पत्रकारिता, प्रशासनिक मामलों और समसामयिक घटनाक्रमों की गहरी समझ है। उनकी रिपोर्टिंग तथ्यपरक, शोध आधारित और आधिकारिक स्रोतों पर आधारित होती है, जिससे पाठकों को विश्वसनीय और स्पष्ट जानकारी प्राप्त होती है। अनुभव : पत्रकारिता के क्षेत्र में कार्य करते हुए उन्होंने महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल के विभिन्न क्षेत्रों से ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है। प्रशासनिक कार्यवाहियों, सरकारी नीतियों, राजनीतिक घटनाक्रम और अपराध से जुड़े मामलों की फील्ड कवरेज उनकी प्रमुख पहचान रही है। वर्तमान भूमिका : राष्ट्र भारत में वरिष्ठ संवाददाता के रूप में वे क्राइम, राजनीति, खेल और सरकारी नीतियों से संबंधित खबरों की रिपोर्टिंग करते हैं। वे जमीनी सच्चाई को सरल और आम पाठक की भाषा में प्रस्तुत करने को प्राथमिकता देते हैं। भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस महाराष्ट्र और कोलकाता रहा है, जहां वे स्थानीय प्रशासन, राजनीतिक गतिविधियों, अपराध और खेल जगत से जुड़े विषयों को करीब से कवर करते हैं। उनकी क्षेत्रीय समझ और फील्ड अनुभव उनकी रिपोर्टिंग को अधिक प्रामाणिक बनाते हैं। मुख्य विशेषज्ञता (Core Expertise) : • क्राइम रिपोर्टिंग : अपराध, पुलिस जांच, प्रशासनिक कार्रवाई और कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों की तथ्यपरक कवरेज। • राजनीति और शासन : सरकारी नीतियों, प्रशासनिक फैसलों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर विश्लेषणात्मक रिपोर्टिंग। • खेल पत्रकारिता : खेल जगत की प्रमुख घटनाओं, खिलाड़ियों और प्रतियोगिताओं से जुड़े विषयों की रिपोर्टिंग। • ग्राउंड रिपोर्टिंग : फील्ड विजिट, स्थानीय स्रोतों और आधिकारिक जानकारी के आधार पर जमीनी सच्चाई सामने लाना। • जनहित पत्रकारिता : आम लोगों से जुड़े मुद्दों और प्रशासनिक प्रभावों को सरल एवं स्पष्ट भाषा में प्रस्तुत करना। विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तथ्यों की सटीकता, आधिकारिक स्रोतों पर आधारित रिपोर्टिंग और जमीनी अनुभव ने असफ़ी शादाब को एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है। क्राइम, राजनीति और प्रशासनिक विषयों पर उनकी निरंतर फील्ड रिपोर्टिंग पाठकों के बीच उनकी विश्वसनीयता को मजबूत बनाती है।