कोलकाता के जादवपुर विश्वविद्यालय में छात्र संघर्ष से तनाव, अमित शाह के बंगाल दौरे और राहुल गांधी के बयान से गरमाई राजनीति

Kolkata Jadavpur University clash Amit Shah West Bengal visit: कोलकाता के जादवपुर विश्वविद्यालय में वामपंथी और एबीवीपी समर्थक छात्रों के बीच संघर्ष में कई छात्र घायल हुए। अमित शाह पश्चिम बंगाल दौरे पर हैं और उन्होंने वंदे मातरम् को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा। झारखंड उच्च न्यायालय ने जेपीएससी भर्ती रद्द करने के सरकारी आदेश पर रोक लगाई। राहुल गांधी ने भी भाजपा और आरएसएस पर सवाल उठाए।
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यादवपुर विश्वविद्यालय में छात्र झड़प के बाद तनाव, कई छात्र घायल
Kolkata Jadavpur University clash Amit Shah West Bengal visit: कोलकाता के यादवपुर विश्वविद्यालय में वाम विचारधारा के छात्रों और आरएसएस (RSS)-समर्थित अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, एबीवीपी (ABVP) के छात्रों के बीच रातभर हुई झड़प के बाद परिसर में तनाव फैल गया है। दोनों पक्षों के कई छात्र घायल हुए हैं, जिन्हें नजदीकी केपीसी (KPC) मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
इस बीच, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह पश्चिम बंगाल के दौरे पर हैं। इस दौरान भारत-बांग्लादेश सीमा से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है।
राजनीतिक मोर्चे पर, दिल्ली में आयोजित ‘हरा-भरा स्वराज: राजीव गांधी के विज़न को श्रद्धांजलि’ कार्यक्रम में लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने बीजेपी (BJP) और आरएसएस (RSS) पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा, “भाजपा ने इस कमरे में मौजूद 17 प्रतिशत लोगों—मुस्लिम, ईसाई, सिखों—से कहा कि आपका कोई अस्तित्व नहीं है… आदिवासियों से कहा गया कि जब चाहेंगे उनकी ज़मीन छीन लेंगे… देश के 15 प्रतिशत दलितों से कहा गया कि आप बेवजह शिकायत कर रहे हैं… इस स्थिति को बदलना होगा, ताकि देश का हर व्यक्ति महसूस करे ‘मैं यहीं का हूं’।”

अमित शाह और राहुल गांधी के बयानों से तेज हुई राजनीतिक हलचल
वहीं अमित शाह ने कांग्रेस के उस फैसले की कड़ी आलोचना की, जिसमें राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम’ के केवल पहले दो अंतरे गाने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने इसे ‘देशविरोधी’ करार देते हुए कहा, “कल कांग्रेस वर्किंग कमेटी ने एक देशविरोधी फैसला लिया… 1937 में मुसलमानों को खुश करने के लिए वंदे मातरम को बांटकर कांग्रेस ने देश विभाजन की नींव रखी थी।”
इसके अलावा, झारखंड हाईकोर्ट ने जेपीएससी (JPSC) की 11वीं और 13वीं परीक्षा एवं नियुक्तियां रद्द करने के हेमंत सोरेन सरकार के फैसले पर रोक लगा दी है, जिससे नवनियुक्त अधिकारियों को राहत मिली है।
आगे इन सभी मुद्दों पर प्रशासनिक और राजनीतिक प्रतिक्रियाएं आने की उम्मीद है, जिन पर आगे भी नज़र बनी रहेगी।
रिपोर्ट: एकबाल, पश्चिम बंगाल

