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North 24 Parganas News: हाड़ोवा में कुत्ते का हमला, चार गांवों में 71 लोग घायल, इलाके में डर का माहौल

North 24 Parganas News: हाड़ोवा में कुत्ते का हमला, चार गांवों में 71 लोग घायल, इलाके में डर का माहौल
Haroa dog attack North 24 Parganas: हाड़ोवा के चार गांवों में कुत्ते के हमले से 71 लोग घायल, गांव में फैला डर (Image:AI)

Haroa dog attack North 24 Parganas: पश्चिम बंगाल के हाड़ोवा इलाके में एक कुत्ते के हमले से चार गांवों में दहशत फैल गई। बरोज, मेटोआटी, शंकरपुर और आसपास के गांवों में 71 लोग घायल हुए हैं। घायलों में बच्चे, महिलाएं और पुरुष शामिल हैं। चार लोगों की हालत गंभीर होने पर उन्हें बड़े अस्पताल भेजा गया है। पुलिस और वन विभाग कुत्ते की तलाश कर रहे हैं।

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Asfi Shadab
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चार गांवों में कुत्ते के हमले से फैला डर

उत्तर 24 परगना। हाड़ोया थाना क्षेत्र के बरोज, मेटोआटी, शंकरपुर, बकजुरी और आकंदबेड़िया गांवों में शुक्रवार दोपहर से एक पागल कुत्ते ने तांडव मचा दिया। एक ही कुत्ते ने एक के बाद एक कई गांवों में घूमकर लोगों को काटना शुरू किया, जिससे अब तक 71 लोग घायल हो चुके हैं। घायलों में बच्चे, पुरुष और महिलाएं सभी शामिल हैं।

खून से लथपथ घायलों को इलाज के लिए हाड़ोया ग्रामीण अस्पताल लाया गया। 4 लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिन्हें बारासत समेत कोलकाता के विभिन्न अस्पतालों में रेफर किया गया है।

71 लोग घायल, चार की हालत गंभीर

घटना की सूचना पुलिस और वन विभाग को दी गई है। दोनों विभाग और ग्रामीण मिलकर उस पागल कुत्ते की तलाश में जुटे हैं, लेकिन अभी तक वह पकड़ में नहीं आया है।

दहशत का आलम यह है कि ग्रामीण घर से बाहर निकलने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे। घायलों की संख्या अभी भी बढ़ रही है।

कुत्ते के पकड़े जाने तक प्रशासन से सतर्कता बरतने की अपील की जा रही है।


रिपोर्ट: एकबाल, पश्चिम बंगाल

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असफ़ी शादाब वरिष्ठ पत्रकार और संवाददाता हैं, जो राष्ट्र भारत में महाराष्ट्र और कोलकाता से क्राइम, राजनीति, खेल और सरकारी नीतियों से जुड़े विषयों की ग्राउंड रिपोर्टिंग करते हैं। उन्हें जमीनी पत्रकारिता, प्रशासनिक मामलों और समसामयिक घटनाक्रमों की गहरी समझ है। उनकी रिपोर्टिंग तथ्यपरक, शोध आधारित और आधिकारिक स्रोतों पर आधारित होती है, जिससे पाठकों को विश्वसनीय और स्पष्ट जानकारी प्राप्त होती है। अनुभव : पत्रकारिता के क्षेत्र में कार्य करते हुए उन्होंने महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल के विभिन्न क्षेत्रों से ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है। प्रशासनिक कार्यवाहियों, सरकारी नीतियों, राजनीतिक घटनाक्रम और अपराध से जुड़े मामलों की फील्ड कवरेज उनकी प्रमुख पहचान रही है। वर्तमान भूमिका : राष्ट्र भारत में वरिष्ठ संवाददाता के रूप में वे क्राइम, राजनीति, खेल और सरकारी नीतियों से संबंधित खबरों की रिपोर्टिंग करते हैं। वे जमीनी सच्चाई को सरल और आम पाठक की भाषा में प्रस्तुत करने को प्राथमिकता देते हैं। भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस महाराष्ट्र और कोलकाता रहा है, जहां वे स्थानीय प्रशासन, राजनीतिक गतिविधियों, अपराध और खेल जगत से जुड़े विषयों को करीब से कवर करते हैं। उनकी क्षेत्रीय समझ और फील्ड अनुभव उनकी रिपोर्टिंग को अधिक प्रामाणिक बनाते हैं। मुख्य विशेषज्ञता (Core Expertise) : • क्राइम रिपोर्टिंग : अपराध, पुलिस जांच, प्रशासनिक कार्रवाई और कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों की तथ्यपरक कवरेज। • राजनीति और शासन : सरकारी नीतियों, प्रशासनिक फैसलों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर विश्लेषणात्मक रिपोर्टिंग। • खेल पत्रकारिता : खेल जगत की प्रमुख घटनाओं, खिलाड़ियों और प्रतियोगिताओं से जुड़े विषयों की रिपोर्टिंग। • ग्राउंड रिपोर्टिंग : फील्ड विजिट, स्थानीय स्रोतों और आधिकारिक जानकारी के आधार पर जमीनी सच्चाई सामने लाना। • जनहित पत्रकारिता : आम लोगों से जुड़े मुद्दों और प्रशासनिक प्रभावों को सरल एवं स्पष्ट भाषा में प्रस्तुत करना। विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तथ्यों की सटीकता, आधिकारिक स्रोतों पर आधारित रिपोर्टिंग और जमीनी अनुभव ने असफ़ी शादाब को एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है। क्राइम, राजनीति और प्रशासनिक विषयों पर उनकी निरंतर फील्ड रिपोर्टिंग पाठकों के बीच उनकी विश्वसनीयता को मजबूत बनाती है।