Rashtra Bharat Logo

कोलकाता पहुंचे अनुपम खेर, मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से की मुलाकात; बंगाल में एक्टिंग स्कूल खोलने की जताई इच्छा

कोलकाता पहुंचे अनुपम खेर, मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से की मुलाकात; बंगाल में एक्टिंग स्कूल खोलने की जताई इच्छा
कोलकाता पहुंचे अनुपम खेर, मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से की मुलाकात; बंगाल में एक्टिंग स्कूल खोलने की जताई इच्छा (Pic Credit- X @AnupamPKher)

बॉलीवुड अभिनेता और निर्माता अनुपम खेर ने कोलकाता में पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने राज्य में विश्वस्तरीय एक्टिंग स्कूल खोलने की इच्छा जताई। साथ ही बंगाल की कला-संस्कृति की सराहना करते हुए अपनी नई बंगाली फिल्म की भी जानकारी साझा की।

Updated:
·by
Dipali Kumari
Dipali Kumari
Share:

विषयसूची

Anupam Kher in Bengal: बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता और निर्माता अनुपम खेर ने आज शनिवार को कोलकाता में पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से शिष्टाचार मुलाकात की। राज्य में राजनीतिक बदलाव के बाद यह अनुपम खेर का पहला कोलकाता दौरा माना जा रहा है। इस दौरान दोनों के बीच राज्य के विकास, कला, संस्कृति और फिल्म उद्योग को लेकर चर्चा हुई।

बंगाल में सकारात्मक बदलाव की शुरुआत- अनुपम खेर

मुख्यमंत्री से मुलाकात के बाद अनुपम खेर ने मीडिया से बातचीत करते हुए बंगाल के नए नेतृत्व की सराहना की। उन्होंने कहा कि उन्हें विश्वास है कि मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व में पश्चिम बंगाल विकास की नई राह पर आगे बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि राज्य में सकारात्मक बदलाव की शुरुआत होनी चाहिए और हर क्षेत्र में नई सोच के साथ काम किया जाना चाहिए।

अपनी आने वाली फिल्म ‘शुरू से शुरू’ का जिक्र करते हुए अनुपम खेर ने कहा कि जैसे उनकी फिल्म नई शुरुआत का संदेश देती है, वैसे ही बंगाल में भी विकास और प्रगति का नया दौर शुरू होना चाहिए।

बंगाल की समृद्ध कला और सांस्कृतिक विरासत

अनुपम खेर ने बंगाल की समृद्ध कला और सांस्कृतिक विरासत की भी जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि भारतीय सिनेमा, साहित्य और संगीत को बंगाल ने बहुत कुछ दिया है। उन्होंने महान फिल्मकार सत्यजित राय, मृणाल सेन और साहित्यकार बंकिमचंद्र चट्टोपाध्याय को याद करते हुए कहा कि इन महान हस्तियों का योगदान पूरी दुनिया के लिए प्रेरणा है।

बंगाल में एक्टिंग स्कूल खोलना चाहते हैं अनुपम खेर

इस मुलाकात के दौरान अनुपम खेर ने मुख्यमंत्री के सामने पश्चिम बंगाल में एक विश्वस्तरीय एक्टिंग स्कूल खोलने की इच्छा भी जताई। उनका कहना था कि राज्य में अभिनय सीखने वाले युवाओं के लिए आधुनिक प्रशिक्षण संस्थान की जरूरत है। इस प्रस्ताव पर मुख्यमंत्री ने उन्हें हर संभव सहयोग देने का भरोसा दिया और शुभकामनाएं भी दीं।

करीब 26 साल बाद बंगाली फिल्म इंडस्ट्री में वापसी

गौरतलब है कि अनुपम खेर करीब 26 साल बाद बंगाली फिल्म इंडस्ट्री में बतौर निर्माता वापसी कर रहे हैं। इससे पहले उन्होंने वर्ष 2002 में राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता बंगाली फिल्म ‘बाड़ीवाली’ का निर्माण किया था, जिसमें उनकी पत्नी किरण खेर मुख्य भूमिका में नजर आई थीं।

अब अनुपम खेर, फिरदौसुल हसन की फ्रेंड्स कम्युनिकेशन के साथ मिलकर ‘अनुपम खेर स्टूडियो’ के बैनर तले एक नई बंगाली फिल्म का निर्माण कर रहे हैं। इस नई फिल्म की जानकारी भी उन्होंने मुख्यमंत्री के साथ साझा की। उनके इस दौरे को बंगाल के फिल्म उद्योग के लिए एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है।

Rashtra Bharat
Rashtra Bharat पर पढ़ें ताज़ा खेल, राजनीति, विश्व, मनोरंजन, धर्म और बिज़नेस की अपडेटेड हिंदी खबरें।
Dipali Kumari

Dipali Kumari

दीपाली कुमारी सक्रिय पत्रकार और हिंदी कंटेंट राइटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में तीन वर्षों का अनुभव है। उन्होंने रांची के गोस्सनर कॉलेज से स्नातक की शिक्षा प्राप्त की है। सामाजिक सरोकारों, जन-जागरूकता और जमीनी मुद्दों पर तथ्यपरक एवं संवेदनशील लेखन उनकी प्रमुख पहचान है। आम लोगों की आवाज़ को मुख्यधारा तक पहुँचाना और समाज से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों को प्रभावशाली तरीके से प्रस्तुत करना उनकी पत्रकारिता का मुख्य उद्देश्य है। अनुभव : पिछले तीन वर्षों से वे सक्रिय पत्रकारिता और डिजिटल कंटेंट लेखन से जुड़ी हुई हैं। इस दौरान उन्होंने सामाजिक मुद्दों, जनहित विषयों और स्थानीय समस्याओं पर लगातार लेखन किया है। उनकी रिपोर्टिंग और लेखन शैली जमीनी समझ, स्पष्ट प्रस्तुति और पाठक-केंद्रित दृष्टिकोण को दर्शाती है। वर्तमान फोकस : वे समाज, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण, जन-जागरूकता और सामाजिक बदलाव से जुड़े विषयों पर लेखन करती हैं। उनकी प्राथमिकता ऐसी खबरें और लेख तैयार करना है, जो आम लोगों से सीधे जुड़ाव बनाएं और सकारात्मक सामाजिक प्रभाव उत्पन्न करें। मुख्य विशेषज्ञता (Core Expertise) : • सामाजिक मुद्दों पर लेखन : जनहित, सामाजिक बदलाव और आम लोगों से जुड़े विषयों पर संवेदनशील और प्रभावशाली रिपोर्टिंग। • जमीनी रिपोर्टिंग : स्थानीय समस्याओं और वास्तविक परिस्थितियों को सरल एवं स्पष्ट भाषा में प्रस्तुत करना। • जन-जागरूकता आधारित कंटेंट : शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक जागरूकता से जुड़े विषयों पर जानकारीपूर्ण लेखन। • हिंदी कंटेंट निर्माण : पाठकों के लिए सहज, विश्वसनीय और प्रभावी हिंदी कंटेंट तैयार करने में विशेषज्ञता। विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : जमीनी मुद्दों की गहरी समझ, निष्पक्ष दृष्टिकोण और समाज-केंद्रित लेखन शैली ने दीपाली कुमारी को एक संवेदनशील और भरोसेमंद हिंदी पत्रकार के रूप में स्थापित किया है। जनहित से जुड़े विषयों पर उनकी निरंतर सक्रियता और तथ्यपरक लेखन उनकी विश्वसनीयता को मजबूत बनाते हैं।