President Droupadi Murmu: स्वतंत्रता दिवस पर ‘शिवगर्जना पथक’ की प्रस्तुति और राष्ट्रपति से ऐतिहासिक मुलाकात

President Droupadi Murmu: स्वतंत्रता दिवस पर राष्ट्रपति भवन में शिवगर्जना ढोल-ताशा पथक की शानदार प्रस्तुति। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के साथ मुलाकात की पूरी खबर पढ़ें।
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राष्ट्रपति भवन में गूंजा ढोल-ताशा
President Droupadi Murmu: 15 अगस्त स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर देश की राजधानी दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में महाराष्ट्र की लोक संस्कृति का अद्भुत नजारा देखने को मिला। इस राष्ट्रीय पर्व पर ‘शिवगर्जना ढोल-ताशा एवं ध्वज पथक’ द्वारा एक शानदार सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया गया, जिसने वहां मौजूद सभी लोगों का मन मोह लिया। इस विशेष प्रस्तुति के बाद पथक के सदस्यों को देश की महामहिम राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू से मिलने और उनके साथ कुछ यादगार पल बिताने का गौरव प्राप्त हुआ।
राष्ट्रपति के साथ किया दोपहर का भोजन
कार्यक्रम के पश्चात राष्ट्रपति महोदया के निवास स्थान पर शिवगर्जना पथक के सदस्यों ने उनके साथ दोपहर के भोजन में सहभागिता की। इस दौरान प्रतीक टेटे के साथ कनक टेटे, समीक्षा शास्त्रकार, रीत चौरसिया, राम टेटे, प्रेम मेंढेकर, ऋषभ कायपूरकर और प्रशांत केदार उपस्थित रहे। सभी सदस्यों ने राष्ट्रपति महोदया के साथ आत्मीयता से बातचीत की और तस्वीरें भी खिंचवाईं।
महाराष्ट्र की पारंपरिक संस्कृति की सराहना
राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने शिवगर्जना पथक के सदस्यों के कार्यक्रम की भूरि-भूरि प्रशंसा की। उन्होंने महाराष्ट्र की पारंपरिक ढोल-ताशा संस्कृति और देश के युवाओं द्वारा इसे राष्ट्रीय स्तर पर प्रसारित करने के प्रयासों के बारे में गहरी जानकारी ली। यह मुलाकात कलाकारों के लिए बेहद सम्मान और गौरव का क्षण रही।
भविष्य के लिए मिलीं शुभकामनाएं
राष्ट्रपति महोदया ने पथक के सभी सदस्यों को उनके आगामी कार्यक्रमों के लिए ढेरों शुभकामनाएं दीं और इसी प्रकार भारतीय संस्कृति एवं परंपराओं को आगे बढ़ाते रहने का संदेश दिया। इस अवसर पर महाराष्ट्र के साथ-साथ देश के अन्य राज्यों से आए कलाकार भी उपस्थित रहे। स्वतंत्रता दिवस पर राष्ट्रपति भवन में अपनी कला का प्रदर्शन करने का अवसर मिलना शिवगर्जना पथक के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि है, जो उनके जीवनभर की यादगार स्मृतियां बन गई हैं।
रिपोर्ट: जस्सी, महाराष्ट्र

