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Karmayogi Award Mumbai Mankar Trust tribal education Maharashtra: मुंबई में आदिवासी शिक्षा और सामाजिक बदलाव को लेकर बड़ा कार्यक्रम आयोजित

मुंबई में कर्मयोगी एकल शिक्षक मेला 2026 का आयोजन, आदिवासी शिक्षा विस्तार पर जोर

आदिवासी शिक्षा और सामाजिक विकास को लेकर बड़ा अभियान Karmayogi Award Mumbai Mankar Trust tribal education Maharashtra: मुंबई। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी की प्रेरणा और मार्गदर्शन में स्वर्गीय लक्ष्मणराव मानकर स्मृति संस्था (मानकर ट्रस्ट) द्वारा मुंबई में कर्मयोगी एकल शिक्षक मेला 2026 और कर्मयोगी पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में महाराष्ट्र में सामाजिक बदलाव लाने वाले व्यक्तियों और संस्थाओं को सम्मानित किया गया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। महाराष्ट्र विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर, मंत्री अशोक उइके, मायाताई इवनाते, अतुल शिरोडकर, मंगल प्रभात लोढ़ा, संजय सावकारे और हंसराज

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Bharat Durga Mandir Nagpur Shilanyas: नागपुर में मंदिर का शिलान्यास, नवचेतना और प्रेरणा का संदेश

नागपुर में भारतदुर्गा मंदिर का शिलान्यास, नवचेतना और प्रेरणा का संदेश

भारतदुर्गा मंदिर से समाज में जागेगी नई प्रेरणा Bharat Durga Mandir Nagpur Shilanyas: नागपुर, 24 अप्रैल। नेशनल कैंसर इंस्टीट्यूट परिसर में निर्माणाधीन भारतदुर्गा मंदिर का शिलान्यास गुरुवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत के हाथों संपन्न हुआ। इस ऐतिहासिक अवसर पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी विशेष रूप से उपस्थित रहे। यह मंदिर डॉ. आबाजी थत्ते सेवा और अनुसंधान संस्था के तत्वावधान में बनाया जा रहा है। शिलान्यास के अवसर पर आयोजित धर्मसभा में मंत्री चंद्रशेखर बावनकुळे, आशिष जयस्वाल सहित अनेक गणमान्य अतिथि भी मौजूद थे। मुख्यमंत्री देवेंद्र

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Abasaheb Thatte Multispeciality Hospital Bhoomi Pujan Nagpur: नागपुर में नए अस्पताल और शक्ति स्थल की शुरुआत, सेवा और विकास पर जोर

नागपुर में अस्पताल और शक्ति स्थल का भूमि पूजन, सेवा और संस्कार पर जोर

सेवा और विकास की दिशा में बड़ा कदम Abasaheb Thatte Multispeciality Hospital Bhoomi Pujan Nagpur: नागपुर। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने आज नागपुर में आबासाहेब थत्ते मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल का भूमिपूजन किया। साथ ही भारत दुर्गा शक्ति स्थल का शिलान्यास भी संपन्न हुआ। यह कार्यक्रम डॉ. आबाजी थत्ते सेवा और अनुसंधान संस्था द्वारा आयोजित किया गया था। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत इस अवसर पर विशेष रूप से उपस्थित रहे। संघ के पूर्व सरकार्यवाह भैय्याजी जोशी, पूज्य स्वामी अवधेशानंद गिरी महाराज, स्वामी गोविंददेव गिरी महाराज, साध्वी ऋतंभरा देवी, बागेश्वर धाम के धीरेंद्र कृष्ण

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Abasaheb Thatte Multispeciality Hospital Nagpur Bhoomi Pujan: नागपुर में नए अस्पताल का भूमि पूजन, गडकरी और फडणवीस रहे मौजूद

नागपुर में नए अस्पताल का भूमि पूजन, बड़े नेताओं की मौजूदगी

अस्पताल से स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगा बड़ा सहारा Abasaheb Thatte Multispeciality Hospital Nagpur Bhoomi Pujan: नागपुर। केंद्रीय मंत्री श्री नितिन गडकरी ने नागपुर में आबासाहेब थत्ते मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल का भूमिपूजन किया। यह कार्यक्रम डॉ. आबाजी थत्ते सेवा और अनुसंधान संस्था द्वारा आयोजित किया गया था। भूमिपूजन समारोह में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के परम पूजनीय सरसंघचालक श्री मोहन भागवत जी प्रमुख अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री श्री देवेंद्र फडणवीस भी इस अवसर पर मंच पर विद्यमान थे। समाज सेवा की दिशा में यह एक अहम कदम कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पूर्व सरकार्यवाह श्री भैय्याजी जोशी,

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RSS प्रमुख मोहन भागवत की सुरक्षा पर याचिका खारिज, बॉम्बे हाई कोर्ट ने उठाए मंशा पर सवाल

RSS प्रमुख मोहन भागवत की सुरक्षा पर याचिका खारिज, बॉम्बे हाई कोर्ट ने उठाए मंशा पर सवाल

Mohan Bhagwat: बॉम्बे हाई कोर्ट की नागपुर पीठ ने कल सोमवार को एक अहम फैसले में उस जनहित याचिका (PIL) को खारिज कर दिया, जिसमें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत को दी जा रही जेड-प्लस सुरक्षा की लागत उनसे वसूलने की मांग की गई थी। अदालत ने न सिर्फ याचिका को खारिज किया, बल्कि याचिकाकर्ता की मंशा पर भी गंभीर सवाल उठाए, जिससे यह मामला चर्चा का विषय बन गया है। अदालत ने क्या कहा ? मुख्य न्यायाधीश श्री चंद्रशेखर और न्यायमूर्ति अनिल किलोर की खंडपीठ ने सुनवाई के दौरान साफ कहा कि यह याचिका उचित आधार पर

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Mohan Bhagwat meets former CJI Sharad Bobde: मोहन भागवत और बोबडे की मुलाकात में सामाजिक और राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा

मोहन भागवत और पूर्व मुख्य न्यायाधीश बोबडे की मुलाकात, कई मुद्दों पर चर्चा

मुलाकात का महत्व और उद्देश्य Mohan Bhagwat meets former CJI Sharad Bobde: नागपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ आरएसएस (RSS) के सरसंघचालक मोहन भागवत ने पूर्व मुख्य न्यायाधीश सीजेआई (CJI) शरद अरविंद बोबडे के आवास पर पहुंचकर उनसे सौजन्य भेंट की। इस मुलाकात के दौरान दोनों के बीच विभिन्न सामाजिक, राष्ट्रीय एवं समसामयिक मुद्दों पर विस्तृत चर्चा हुई। सूत्रों के अनुसार यह भेंट सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न हुई और आपसी संवाद का अहम हिस्सा रही। उल्लेखनीय है कि नागपुर, आरएसएस (RSS) का मुख्यालय होने के साथ-साथ न्यायमूर्ति बोबडे का गृहनगर भी है। मोहन भागवत का उनके आवास पर स्वयं जाकर मिलना इस

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VHP Vidarbha Pradesh new office Bhoomi Pujan Nagpur: नागपुर में विहिप विदर्भ प्रांत के नए 5 मंजिला कार्यालय का भूमिपूजन आज। मोहन भागवत करेंगे कार्यक्रम की अध्यक्षता। 4000 वर्गफुट में बनेगा भव्य परिसर।

नागपुर, विश्व हिंदू परिषद के विदर्भ प्रांत कार्यालय का भूमिपूजन आज, मोहन भागवत करेंगे उद्घाटन

नागपुर में विश्व हिंदू परिषद के नए कार्यालय का भूमिपूजन संपन्न VHP Vidarbha Pradesh new office Bhoomi Pujan Nagpur: नागपुर। विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के विदर्भ प्रांत कार्यालय के नए भवन का भूमिपूजन समारोह शुक्रवार, 20 मार्च 2026 को आयोजित किया गया। यह पावन कार्यक्रम राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक मोहन भागवत के करकमलों द्वारा संपन्न हुआ। प्रमुख अतिथि समारोह में प.पू. संत त्रिलोकदर्शन दासजी महाराज, प.पू. जितेंद्रनाथ महाराज सहित विहिप के वरिष्ठ पदाधिकारी – मा. मिलिंद परांडे, मा. अनंतकुमार बंसल, मा. राजेश गुप्ता और मा. देवेश पेंढारकर उपस्थित रहे। इनके अलावा अनेक संत-महात्मा और गणमान्य व्यक्तियों ने भी

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Mohan Bhagwat Lucknow RSS event: हिन्दू समाज को संगठित होने की जरूरत, RSS प्रमुख का बयान

लखनऊ में बोले मोहन भागवत – हिन्दू समाज को एकजुट रहना जरूरी

समाज में एकता और सद्भाव की जरूरत Mohan Bhagwat Lucknow RSS event: लखनऊ के निराला नगर में स्थित सरस्वती शिशु मंदिर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में एक खास सामाजिक सद्भाव बैठक का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने शिरकत की और समाज के सामने अपने विचार रखे। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि आज के समय में हिन्दू समाज को संगठित और सशक्त होने की सबसे ज्यादा जरूरत है। उन्होंने यह भी कहा कि हमें किसी से कोई खतरा नहीं है, लेकिन सजग और सावधान रहना बेहद

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RSS प्रमुख मोहन भागवत की सुरक्षा पर याचिका खारिज, बॉम्बे हाई कोर्ट ने उठाए मंशा पर सवाल

धर्म के आचरण से ही मानव जाति का कल्याण संभव – डॉ. मोहन भागवत जी

धर्म और आधुनिकता का संगम जरूरी Mohan Bhagwat at Namokar Panchkalyanak Mahotsav: नासिक जिले के मलसाणे गांव में स्थित णमोकार तीर्थक्षेत्र में आयोजित दिगंबर जैन पंथ के अंतरराष्ट्रीय पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने मानवता के कल्याण के लिए धर्म की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आज की दुनिया ने धर्म को छोड़कर केवल भौतिकवाद को अपनाया है। इसका परिणाम यह हुआ है कि लोगों को सुविधाएं तो मिल गई हैं, लेकिन असली सुख दूर होता जा रहा है। इस कारण आज मानवता के सामने कई गंभीर समस्याएं खड़ी हो

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Mohan Bhagwat meets former CJI Sharad Bobde: मोहन भागवत और बोबडे की मुलाकात में सामाजिक और राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा

मोहन भागवत का बड़ा बयान: भाजपा के अच्छे दिन आरएसएस की वजह से आए, राम मंदिर आंदोलन का मिला फायदा

Mohan Bhagwat RSS Statement: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत ने हाल ही में एक बड़ा बयान देते हुए भाजपा और आरएसएस के रिश्तों को लेकर अपनी बात साफ कर दी है। उन्होंने कहा है कि भाजपा के जो अच्छे दिन आए हैं, वे आरएसएस की वजह से ही आए हैं। यह बयान उस समय आया है जब 2024 के आम चुनाव के दौरान तत्कालीन भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा था कि भाजपा आरएसएस के बिना भी चुनाव जीत सकती है। इस बयान से संघ कार्यकर्ताओं में असंतोष फैल गया था और अब मोहन भागवत ने अपने बयान

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RSS Chief Mohan Bhagwat: संघ किसी के खिलाफ नहीं, मुंबई में दिया बयान

संघ किसी के खिलाफ नहीं, सत्ता या लोकप्रियता की चाहत नहीं: मोहन भागवत

संघ का उद्देश्य और विचारधारा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने शनिवार को मुंबई में एक जनसभा को संबोधित करते हुए संघ के बारे में कई अहम बातें कहीं। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि आरएसएस किसी के खिलाफ नहीं है और ना ही संघ को सत्ता या लोकप्रियता की कोई चाहत है। भागवत ने बताया कि संघ का काम सकारात्मक प्रयासों को बढ़ावा देना और समाज को सही दिशा देना है। मोहन भागवत ने अपने भाषण में स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान उभरी विभिन्न विचारधाराओं का जिक्र किया। उन्होंने राजा राम मोहन रॉय, स्वामी विवेकानंद और दयानंद सरस्वती

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Mohan Bhagwat Ranchi Visit: आदिवासी और हिन्दू समाज एक हैं, डीबडीह में जनजातीय संवाद कार्यक्रम

आदिवासी और हिन्दू समाज अलग नहीं, एक ही भारत माता की संतान हैं – मोहन भागवत

Mohan Bhagwat Ranchi Visit: रांची के डीबडीह इलाके में एक बहुत ही महत्वपूर्ण कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसमें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने शिरकत की। यह कार्यक्रम जनजातीय समाज के साथ संवाद के लिए खास तौर पर रखा गया था। झारखंड के अलग-अलग जिलों से आदिवासी समाज के प्रतिनिधि, बुद्धिजीवी, समाजसेवी और सम्मानित लोग इस कार्यक्रम में शामिल हुए। कार्यक्रम की शुरुआत डॉ. मोहन भागवत जी ने भारत माता के चित्र पर फूल चढ़ाकर और दीप जलाकर की। इस मौके पर राज्य के 32 जनजातीय समुदायों के प्रतिनिधि और समाज से जुड़े लोग मौजूद

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Mohan Bhagwat Technology Speech: प्रौद्योगिकी का दास नहीं बल्कि समाज कल्याण के लिए करें उपयोग

प्रौद्योगिकी का उपयोग समाज कल्याण के लिए हो, न कि इसके दास बनें – डॉ. मोहन भागवत

छत्रपति संभाजीनगर में आयोजित युवा उद्यमी संवाद कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने आज के समय में प्रौद्योगिकी के सही उपयोग पर महत्वपूर्ण बातें कही हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रौद्योगिकी आज की जरूरत है लेकिन हमें इसका दास नहीं बनना चाहिए। संघ शताब्दी वर्ष के विशेष अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम में समाज के विचारवान और प्रभावशाली लोगों से सीधा संवाद किया गया। प्रौद्योगिकी और स्वदेशी में कोई विरोध नहीं डॉ. भागवत जी ने युवा उद्यमियों को संबोधित करते हुए कहा कि आज के समय में प्रौद्योगिकी एक अपरिहार्य आवश्यकता बन गई है।

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Mohan Bhagwat Votes in Nagpur: नागपुर नगर निगम चुनाव में आरएसएस प्रमुख का मतदान और नोटा पर महत्वपूर्ण बयान

नागपुर में मतदान करने पहुंचे मोहन भागवत, लोकतंत्र में मतदान के महत्व पर दिया जोर

नागपुर महानगरपालिका चुनाव में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक परम पूज्य डॉ मोहन भागवत ने आज सुबह अपने मताधिकार का प्रयोग किया। उन्होंने महाल क्षेत्र में स्थित नागपुर नाइट हाई स्कूल के मतदान केंद्र पर पहुंचकर मतदान किया। इस महत्वपूर्ण अवसर पर उनके साथ राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पूर्व सरकार्यवाह एवं कार्यकारिणी सदस्य भैय्याजी जोशी भी मौजूद थे। दोनों नेताओं ने सबसे पहले मतदान केंद्र पहुंचकर लोकतांत्रिक प्रक्रिया में अपनी भागीदारी सुनिश्चित की। लोकतंत्र में मतदान का महत्व डॉ मोहन भागवत ने मतदान के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए लोकतांत्रिक व्यवस्था में मतदान के महत्व पर विशेष जोर दिया।

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Mohan Bhagwat Votes First: नागपुर में आरएसएस प्रमुख ने सबसे पहले डाला वोट

नागपुर में सबसे पहले मतदान मोहन भागवत ने किया

नागपुर में सुबह-सुबह मतदान केंद्र पर पहुंचे आरएसएस प्रमुख नागपुर शहर में चुनाव के दिन सुबह बहुत जल्दी राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत मतदान केंद्र पर पहुंचे। उन्होंने सबसे पहले अपना वोट डाला और लोगों को मतदान के लिए प्रेरित किया। मतदान केंद्र पर उनकी मौजूदगी से बाकी मतदाताओं में भी उत्साह देखने को मिला। मोहन भागवत ने दिया लोकतंत्र का संदेश मतदान करने के बाद मोहन भागवत ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि हर नागरिक को अपने मताधिकार का इस्तेमाल जरूर करना चाहिए। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में हर एक वोट की अहमियत होती है।

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RSS Mohan Bhagwat: सामाजिक सद्भाव बैठक में सरसंघचालक का संदेश, राष्ट्र निर्माण पर जोर

भोपाल में सामाजिक सद्भाव भारतीय समाज का स्वभाव है, राष्ट्र निर्माण के लिए सभी एकजुट हों – सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत

भोपाल में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के अवसर पर कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में एक विशेष सामाजिक सद्भाव बैठक का आयोजन किया गया। इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत ने समाज को संबोधित करते हुए कहा कि सामाजिक सद्भाव कोई नई या आधुनिक अवधारणा नहीं है, बल्कि यह हमारे भारतीय समाज का मूल स्वभाव रहा है। उन्होंने समाज में सज्जन शक्ति के जागरण, आचरण में बदलाव और निरंतर सद्भावना संवाद की आवश्यकता पर जोर दिया। यह बैठक दो सत्रों में संपन्न हुई। पहले सत्र की शुरुआत पारंपरिक दीप प्रज्ज्वलन और भारत माता के चित्र पर पुष्पार्चन के

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Mohan Bhagwat: हिंदू जीवन-पद्धति से विश्व नेतृत्व का आह्वान हैदराबाद में

हम दुनिया का नेतृत्व करेंगे, लेकिन केवल अपनी जीवन-पद्धति के माध्यम से: डॉ. मोहन भागवत

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने विश्व के हिंदू समाज को एक महत्वपूर्ण संदेश दिया है। उन्होंने कहा कि हम दुनिया का नेतृत्व करेंगे, लेकिन यह नेतृत्व शक्ति, धन या राजनीतिक प्रभुत्व के बल पर नहीं, बल्कि अपनी जीवन-पद्धति, आचरण और मूल्यों के माध्यम से होगा। यह बात उन्होंने भाग्यनगर यानी हैदराबाद के निकट कान्हा शांति वनम में आयोजित विश्व संगठक शिबिर 2025 के समापन समारोह में कही। विश्व संगठक शिबिर का ऐतिहासिक आयोजन यह पाँच दिवसीय अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना के 100वें वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित किया गया था। इस शिबिर

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Savarkar Tribute: मोहन भागवत और अमित शाह ने अंडमान में दी सावरकर को श्रद्धांजलि

सावरकर जी सबसे दीप्तिमान नक्षत्र और मार्गदर्शक प्रकाश हैं – मोहन भागवत, अंडमान में अमित शाह के साथ दी श्रद्धांजलि

अंडमान निकोबार द्वीपसमूह के श्री विजयपुरम में एक ऐतिहासिक और भावपूर्ण कार्यक्रम का आयोजन हुआ जिसमें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ मोहन भागवत और देश के गृह मंत्री अमित शाह एक साथ मंच पर नजर आए। यह कार्यक्रम स्वतंत्रता सेनानी और विचारक वीर सावरकर को समर्पित था जिन्होंने इसी धरती पर कई साल कठोर कारावास काटा था। डीबीआरएआईटी ऑडिटोरियम में आयोजित इस विशेष सांस्कृतिक समारोह में सावरकर जी की प्रसिद्ध रचना सागर प्राण तलमलला के रचनाकाल के 116 वर्ष पूरे होने का उत्सव मनाया गया। डॉ भागवत ने अपने संबोधन में कहा कि सावरकर जी हमारे लिए सबसे अग्रणी

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Manipur RSS News: मोहन भागवत का मणिपुर में बयान, हिंदू न रहेगा तो दुनिया नहीं रहेगी

हिंदू समाज का अस्तित्व दुनिया की सुरक्षा: मोहन भागवत का मणिपुर में विचार

हिंदू समाज का अस्तित्व दुनिया की सुरक्षा: मोहन भागवत का मणिपुर में विचार राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत ने मणिपुर में आयोजित जनजातीय नेताओं के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक के दौरान हिंदू समाज के वैश्विक महत्व पर गहरी टिप्पणी की। उनका यह वक्तव्य केवल धार्मिक भावनाओं का प्रतिनिधित्व नहीं करता, बल्कि भारतीय सभ्यता और उसके निरंतर अस्तित्व पर विचार प्रस्तुत करता है। भागवत का कहना था कि यदि हिंदू समाज नहीं रहेगा, तो दुनिया भी समाप्त हो जाएगी। यह कथन एक चेतावनी की तरह सामने आता है, जो इस समाज की भूमिका, जिम्मेदारी और वैश्विक महत्व पर प्रकाश

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RSS Chief Manipur Visit

आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत का मणिपुर दौरा: जातीय तनाव और शताब्दी समारोह के बीच नई रणनीति

आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत का मणिपुर दौरा: जातीय अशांति के बीच संगठनात्मक संवाद राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत 20 से 22 नवंबर तक मणिपुर के तीन दिवसीय दौरे पर रहेंगे। मई 2023 में उभरी जातीय हिंसा के बाद यह उनका पहला दौरा होगा, जिसने मणिपुर की सामाजिक संरचना और राजनीतिक हलचल को गहराई से प्रभावित किया। उनका यह दौरा न केवल संगठन के शताब्दी वर्ष के समारोह से जुड़ा है, बल्कि उत्तर-पूर्व में आरएसएस की गतिविधियों और सामाजिक पहुंच को मजबूत करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रमुख संवाद: बुद्धिजीवियों, जनजातीय प्रतिनिधियों और युवाओं

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Mohan Bhagwat RSS: हिंदू होना मतलब भारत के प्रति उत्तरदायी होना – मोहन भागवत का राष्ट्रीय संदेश

Mohan Bhagwat RSS: हिंदू होना मतलब भारत के प्रति उत्तरदायी होना – मोहन भागवत का राष्ट्रीय संदेश

Mohan Bhagwat RSS: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत ने शनिवार को बेंगलुरु में दो दिवसीय व्याख्यानमाला का शुभारंभ किया। इस व्याख्यान श्रृंखला का विषय था — “राष्ट्रीय जीवन में संघ की दृष्टि और भूमिका”।भागवत जी ने अपने उद्बोधन में कहा कि “हिंदू होना केवल एक पहचान नहीं है, बल्कि यह भारत के प्रति जिम्मेदारी और उत्तरदायित्व का प्रतीक है।” संघ को समझने के लिए तथ्य जरूरी, अफवाह नहीं अपने संबोधन की शुरुआत में डॉ. भागवत ने कहा कि पिछले एक दशक से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ को लेकर तरह-तरह की बातें सामने आती रही हैं, परंतु इनमें

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RSS Centenary: राजनाथ सिंह ने 100 वर्षों की सेवा, बलिदान और राष्ट्र निर्माण पर बात की | Rajnath Singh on 100 Years of Service, Sacrifice and Nation-Building

आरएसएस: सेवा, त्याग और राष्ट्र निर्माण की शताब्दी यात्रा

नई दिल्ली।रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के शताब्दी वर्ष पर संगठन की गौरवमयी और प्रेरक यात्रा का वर्णन किया। उन्होंने लिखा कि 27 सितंबर 1925 को नागपुर में डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार द्वारा RSS की स्थापना ने भारत में सेवा, त्याग और राष्ट्र निर्माण का एक नया मार्ग प्रशस्त किया। बीते सौ वर्षों में संघ ने न केवल सामाजिक बुनियाद को मजबूत किया बल्कि देश की संप्रभुता की रक्षा, कमजोर वर्गों का सशक्तिकरण और भारतीय सभ्यता के मूल्यों का संवर्धन भी किया। संघ का समावेशी दृष्टिकोण और जीवन मूल्यों पर बलसरसंघचालक श्री मोहन भागवत ने

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राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के 100 वर्ष पूरे होने पर प्रधानमंत्री मोदी: आरएसएस शताब्दी पर विशेष संपादकीय | PM Modi on 100 Years of Rashtriya Swayamsevak Sangh: Special Editorial on RSS Centenary

राष्ट्र साधना के 100 वर्ष: RSS के शताब्दी वर्ष पर पीएम मोदी का विशेष आलेख, सबसे पहले ‘राष्ट्र भारत’ पर पढ़ें

नई दिल्ली।प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के शताब्दी वर्ष और संघ की 100 वर्षों की गौरवमयी यात्रा पर विशेष आलेख लिखा है। यह आलेख राष्ट्र साधना, समाज सेवा और राष्ट्र निर्माण में संघ के योगदान को उजागर करता है। प्रधानमंत्री ने लिखा कि 100 वर्ष पूर्व विजयदशमी के महापर्व पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना एक नई राष्ट्रीय चेतना और समाज सेवा के संकल्प का प्रतीक थी। संघ, हजारों वर्षों से चली आ रही राष्ट्र चेतना की परंपरा का पुनर्स्थापन है। वर्तमान पीढ़ी के स्वयंसेवकों के लिए यह सौभाग्य की बात है कि वे संघ के

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नागपुर विजयादशमी उत्सव 2025 : सरसंघचालक मोहन भागवत का सम्पूर्ण हिन्दू समाज के संगठित स्वरूप पर बल

सम्पूर्ण हिन्दू समाज का संगठित स्वरूप ही भारत की शक्ति और सुरक्षा की गारंटी : नागपुर विजयादशमी उत्सव में सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत

नागपुर, 2 अक्तूबर।राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) ने अपनी स्थापना के शताब्दी वर्ष में विजयादशमी उत्सव का भव्य आयोजन नागपुर के रेशिमबाग मैदान में किया। इस अवसर पर संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत ने समाज की एकता, आत्मनिर्भरता और राष्ट्रीय सुरक्षा पर बल देते हुए कहा कि “सम्पूर्ण हिन्दू समाज का संगठित स्वरूप ही भारत की एकता, एकात्मता, विकास और सुरक्षा की गारंटी है।” उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा कि हिन्दू समाज अलगाव की मानसिकता से मुक्त और सर्वसमावेशक है, जो “वसुधैव कुटुम्बकम्” की विचारधारा का पुरस्कर्ता है। इसी कारण संघ सम्पूर्ण हिन्दू समाज के संगठन का कार्य कर रहा

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PM Modi Warns of Threats to India’s Unity Amid Infiltrators; RSS Centennial Speech Highlights

भारत की एकता पर खतरा: पीएम मोदी का चेतावनीपूर्ण बयान, RSS के 100वें स्थापना समारोह में जोरदार भाषण

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को देश की एकता और विविधता पर खतरे की चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि “घुसपैठिए” भारत में जनसांख्यिकीय बदलाव कर रहे हैं, जिससे सामाजिक सामंजस्य और आंतरिक सुरक्षा पर खतरा उत्पन्न हो रहा है। उन्होंने कहा, “अगर इस ताकत को तोड़ा गया, तो भारत कमजोर होगा।” प्रधानमंत्री मोदी यह टिप्पणी राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के शताब्दी समारोह के दौरान दे रहे थे। RSS भारतीय जनता पार्टी का वैचारिक मार्गदर्शक संगठन है। इस भाषण में प्रधानमंत्री ने अपने 15 अगस्त के स्वतंत्रता दिवस के भाषण का भी स्मरण कराया, जिसमें उन्होंने ‘जनसांख्यिकीय मिशन’ की

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Sangh Geet Collection Launch in Nagpur

नागपुर में संघ गीत संग्रह का लोकार्पण: शंकर महादेवन के स्वरों से गूंजा सुरेश भट सभागार

Sangh Geet Collection Launch in Nagpur | शंकर महादेवन ने दी शानदार प्रस्तुति नागपुर के रेशीमबाग स्थित सुरेश भट सभागार में रविवार को Sangh Geet Collection Launch in Nagpur का भव्य आयोजन हुआ। राष्ट्रभक्ति और सांस्कृतिक चेतना से ओतप्रोत इस कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के गीतों और संगीत का अद्भुत संगम देखने को मिला। समारोह का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और वंदे मातरम् से हुआ। मंच पर सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, केंद्रीय मंत्री नितीन गडकरी, महसूल मंत्री चंद्रशेखर बावनकुळे समेत कई गणमान्य अतिथि उपस्थित थे। डॉ. मोहन भागवत का संदेश डॉ. मोहन भागवत ने अपने संबोधन

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RSS Prayer AV Launch in Nagpur

RSS प्रार्थना एवी लॉन्च नागपुर: डॉ. मोहन भागवत बोले, संघ की प्रार्थना सामूहिक संकल्प का प्रतीक

RSS Prayer AV Launch in Nagpur | Mohan Bhagwat on Sangh Prarthana नागपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की प्रार्थना को आधुनिक स्वरूप में प्रस्तुत करने के लिए विशेष RSS Prayer AV Launch in Nagpur कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत ने कहा कि संघ की प्रार्थना केवल शब्दों का उच्चारण नहीं है, बल्कि यह राष्ट्र और समाज के प्रति सामूहिक संकल्प और आत्मबल का स्रोत है। उन्होंने बताया कि 1939 से संघ के स्वयंसेवक प्रतिदिन शाखाओं में इस प्रार्थना को दोहराते आ रहे हैं। निरंतर साधना और सामूहिक भावना से यह प्रार्थना अब मंत्र

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Mohan Bhagwat on US Tariff

Mohan Bhagwat on US Tariff: Nagpur में बड़ा बयान

Mohan Bhagwat on US Tariff: नागपुर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रमुख मोहन भागवत ने अमेरिका द्वारा भारत पर लगाए गए टैरिफ को लेकर अपना पक्ष रखा।उन्होंने कहा कि दुनिया में कई देशों को यह डर सताता है – “अगर कोई बड़ा होगा तो मेरा क्या होगा”। इसी मानसिकता के चलते बड़े राष्ट्र अक्सर टैरिफ जैसे आर्थिक अवरोध खड़े करते हैं। भागवत का यह बयान ऐसे समय में आया है, जब भारत-अमेरिका व्यापार संबंध वैश्विक सुर्खियों में हैं। अमेरिका ने हाल के वर्षों में भारत के कई उत्पादों पर टैरिफ बढ़ाया है। वहीं भारत

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RSS chief Mohan Bhagwat and PM Modi.

PM Modi ने कहा – Mohan Bhagwat ने RSS के 100 सालों का “Most Transformative” Phase लीड किया

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को Rashtriya Swayamsevak Sangh (RSS) के सरसंघचालक Mohan Bhagwat को उनके 75वें जन्मदिवस पर शुभकामनाएं देते हुए उन्हें राष्ट्र और समाज के लिए एक प्रेरणादायी व्यक्तित्व बताया। PM Modi ने एक विस्तृत ब्लॉग पोस्ट लिखकर Mohan Bhagwat के RSS सफर, उनके नेतृत्व और उनके विचारों पर प्रकाश डाला और कहा कि Bhagwat Ji ने संगठन को उसके “Most Transformative Phase in 100 Years” तक पहुँचाया है। Explore Web Stories: Vasudhaiva Kutumbakam की भावना और राष्ट्र सेवा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने X (पूर्व में Twitter) पर लिखा कि “Vasudhaiva Kutumbakam” के सिद्धांत से प्रेरित होकर Mohan

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Somnath Jyotirling Maharudra Puja Nagpur

Somnath Jyotirling Maharudra Puja Nagpur: Dr. Mohan Bhagwat बोले – Deshbhakti aur Devbhakti अलग नहीं

नागपुर, 10 सितम्बर –Somnath Jyotirling Maharudra Puja का भव्य आयोजन नागपुर के मानकापुर क्रीड़ा संकुल में हुआ। यह आयोजन Art of Living द्वारा संपन्न किया गया, जिसमें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक Dr. Mohan Bhagwat मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में हजारों श्रद्धालु और साधक शामिल हुए। देशभक्ति और देवभक्ति का अद्वितीय संदेश अपने संबोधन में डॉ. भागवत ने कहा कि Deshbhakti aur Devbhakti हमारे देश में अलग नहीं हैं। उन्होंने स्पष्ट किया – “जो वास्तविक देवभक्ति करेगा, वह देश की भी सच्ची भक्ति करेगा। और जो प्रामाणिकता से देशभक्ति करेगा, उससे भगवान देवभक्ति भी करवा

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Nepal Violence पर बोले Sri Sri Ravi Shankar

Nepal Violence पर बोले Sri Sri Ravi Shankar: युवाओं का frustration बढ़ रहा, हो सकता है International Conspiracy

Nepal Violence पर बोले Sri Sri Ravi Shankar: युवाओं का frustration और साज़िश की आशंका नागपुर एयरपोर्ट पर संवाददाताओं से बातचीत करते हुए आध्यात्मिक गुरु Sri Sri Ravi Shankar ने एक साथ कई मुद्दों पर अपनी राय रखी। उन्होंने जहां एक ओर Nepal Violence पर चिंता जताई, वहीं दूसरी ओर महाराष्ट्र के Vidarbha Farmers Suicide को लेकर गहरी वेदना व्यक्त की। श्री श्री रविशंकर का मानना है कि नेपाल की बढ़ती हिंसा केवल आंतरिक समस्या नहीं है, बल्कि इसके पीछे कोई International Conspiracy भी हो सकती है। Explore Trending Stories: Nepal Violence पर बोले Sri Sri Ravi Shankar – Youth

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